Delhi तीस हजारी अदालत ने शनिवार को कंटेंट निर्माता आमिर शौकीन को पांच दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया। उन्हें एक वीडियो में त्रिपुरा के एक व्यक्ति के खिलाफ कथित तौर पर नस्लीय टिप्पणी करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। विशेष न्यायाधीश शिल्पी जैन ने अभियोजन और बचाव पक्ष की दलीलें सुनने के बाद आदेश पारित किया। शौकीन को उसकी एक दिन की न्यायिक हिरासत की अवधि समाप्त होने के बाद अदालत में पेश किया गया।
छह दिन की पुलिस हिरासत की मांग करते हुए, दिल्ली पुलिस ने अदालत से कहा कि वीडियो में कथित तौर पर देखे गए अन्य व्यक्तियों की पहचान करने और उन्हें गिरफ्तार करने के लिए आरोपियों को अहमदाबाद ले जाने की जरूरत है। पुलिस ने एक मोबाइल फोन भी बरामद करने और वीडियो के बारे में उससे पूछताछ करने की मांग की, जिसे कथित तौर पर अहमदाबाद में रिकॉर्ड किया गया था और बाद में शौकीन ने सोशल मीडिया पर अपलोड किया था।
हिरासत याचिका का विरोध करते हुए, बचाव पक्ष के वकील विनीत जैन ने तर्क दिया कि जांच अधिकारी ने अहमदाबाद में एक विशिष्ट पता नहीं दिया था और आरोपी को पूरे शहर में नहीं घुमाया जा सकता था। उन्होंने यह भी कहा कि वीडियो में दिख रहे अन्य व्यक्ति पीड़ित के खिलाफ टिप्पणी नहीं कर रहे थे या उसकी ओर नहीं देख रहे थे।
सरकारी वकील ने बचाव पक्ष की दलीलों का विरोध करते हुए आरोप लगाया कि शौकीन अहमदाबाद में अन्य व्यक्तियों के सटीक पते का खुलासा नहीं कर रहा है। अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम और अन्य प्रासंगिक कानूनों के प्रावधानों के तहत दिल्ली के सदर बाजार पुलिस स्टेशन में एक प्राथमिकी दर्ज की गई है। घटना के संबंध में त्रिपुरा में एक अलग प्राथमिकी भी दर्ज की गई है।
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