Korba. कोरबा। कोरबा पुलिस ने युवती से मारपीट कर मोबाइल फोन लूटने के मामले में करीब चार महीने से फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से लूटा गया रियलमी कंपनी का मोबाइल फोन भी बरामद किया है। घटना 30 मार्च 2026 की रात की है, जब युवती अपना काम खत्म कर पैदल घर लौट रही थी। बुधवारी रेलवे क्रॉसिंग के पास आरोपी ने अंधेरे का फायदा उठाकर युवती को रेलवे पटरी की ओर खींच लिया और उसके साथ मारपीट करने के बाद मोबाइल लूटकर फरार हो गया था। पुलिस के अनुसार, पीड़िता कुमारी पूनम राय उम्र 24 वर्ष, बाल विहार स्कूल के पास पम्पहाउस की निवासी हैं। 30 मार्च की रात करीब 9:30 बजे वह अपना काम खत्म करने के बाद पैदल अपने घर की ओर जा रही थीं। इसी दौरान जब वह बुधवारी रेलवे क्रॉसिंग के पास पहुंचीं, तभी रेलवे लाइन की तरफ से एक अज्ञात युवक उनके पास आया।
बताया गया कि आरोपी ने आसपास के अंधेरे का फायदा उठाते हुए युवती को जबरन रेलवे पटरी की तरफ खींच लिया। इसके बाद उसके साथ हाथ और थप्पड़ से मारपीट की। अचानक हुए हमले से युवती घबरा गई। आरोपी ने मारपीट के बाद उसके पास मौजूद करीब 15 हजार रुपये कीमत का रियलमी मोबाइल फोन छीन लिया और अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया। घटना के बाद पीड़िता ने मामले की जानकारी पुलिस को दी। शिकायत के आधार पर सीएसईबी चौकी पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। पुलिस ने सबसे पहले घटनास्थल और उसके आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू की। पुलिस टीम ने आसपास के रास्तों और संभावित स्थानों के सीसीटीवी फुटेज की जांच की, जिसके आधार पर संदिग्ध की पहचान करने में सफलता मिली।
सीसीटीवी फुटेज और जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस ने आरोपी की पहचान रामा सोरी उम्र 29 वर्ष, निवासी बुधवारी बाजार जैन मंदिर के पीछे बस्ती के रूप में की। आरोपी की पहचान होने के बाद पुलिस ने उसकी तलाश शुरू की, लेकिन घटना के बाद से वह लगातार फरार चल रहा था। पुलिस उसकी संभावित गतिविधियों और ठिकानों की जानकारी जुटाती रही। इसी बीच 9 अगस्त 2026 को पुलिस को मुखबिर के माध्यम से आरोपी रामा सोरी के संबंध में महत्वपूर्ण सूचना मिली। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने बताए गए स्थान पर घेराबंदी की और आरोपी को पकड़ लिया। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ के दौरान आरोपी ने युवती के साथ मारपीट करने और उसका मोबाइल फोन लूटने की बात स्वीकार की।
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से पीड़िता से लूटा गया रियलमी कंपनी का मोबाइल फोन भी बरामद कर लिया है। जांच के दौरान यह तथ्य सामने आया कि आरोपी ने केवल चोरी या मोबाइल छीनने की घटना को अंजाम नहीं दिया था, बल्कि मोबाइल लूटने के लिए पीड़िता के खिलाफ आपराधिक बल का इस्तेमाल किया था। जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस ने मामले में प्रारंभिक धाराओं में बदलाव किया। आपराधिक बल के प्रयोग को देखते हुए भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 309(6) को मामले में जोड़ा गया। पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद आरोपी रामा सोरी को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
चार महीने बाद आरोपी की गिरफ्तारी से पुलिस ने मामले का खुलासा कर दिया है। पुलिस का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर तंत्र की मदद से आरोपी तक पहुंचने में सफलता मिली। घटना के बाद से फरार आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस लगातार प्रयास कर रही थी। इस पूरी कार्रवाई में सीएसपी प्रतीक चतुर्वेदी के पर्यवेक्षण में पुलिस टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कार्रवाई में थाना प्रभारी सिविल लाइन रामपुर, उप पुलिस अधीक्षक आस्था शर्मा, सीएसईबी चौकी प्रभारी राजेश तिवारी, प्रशिक्षु उप निरीक्षक प्रमोद पटेल समेत अन्य पुलिसकर्मियों का योगदान रहा। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद अब पीड़िता को न्याय मिलने की उम्मीद जगी है। घटना ने रात के समय सुनसान और अंधेरे रास्तों पर महिलाओं की सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। पुलिस ने ऐसे मामलों में लोगों से सतर्क रहने और किसी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को देने की अपील की है।