फॉरेक्स ट्रेडिंग ठगी का आरोप, 10 राज्यों से पहुंचे निवेशकों ने मकान के बाहर किया प्रदर्शन

छग

Update: 2026-07-26 14:38 GMT
Dongargarh. डोंगरगढ़। छत्तीसगढ़ के डोंगरगढ़ शहर में रविवार को उस समय हंगामे की स्थिति बन गई, जब देश के अलग-अलग राज्यों से पहुंचे 100 से अधिक निवेशक रेलवे चौक स्थित वैसलियन चर्च के पास एक मकान के बाहर जमा हो गए। निवेशकों ने फॉरेक्स ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म ‘लॉन्ग एशिया’ (Long Asia) के जरिए कथित रूप से करोड़ों और अरबों रुपये की ठगी किए जाने का आरोप लगाया है। निवेशकों का दावा है कि इस ऑनलाइन निवेश नेटवर्क के तार डोंगरगढ़ से जुड़े हुए हैं। बड़ी संख्या में लोगों के एकत्र होने से इलाके में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। सड़क पर भीड़ बढ़ने के कारण यातायात प्रभावित हुआ और जाम जैसी स्थिति निर्मित हो गई। घटना की सूचना मिलते ही डोंगरगढ़ पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को समझाइश देकर स्थिति को नियंत्रित किया।

मौके पर पहुंचे निवेशकों ने बताया कि वे पंजाब, महाराष्ट्र, कर्नाटक, गोवा, हिमाचल प्रदेश, मध्यप्रदेश सहित देश के करीब 10 राज्यों से डोंगरगढ़ पहुंचे हैं। उनका आरोप है कि ऑनलाइन जूम मीटिंग, सोशल मीडिया प्रचार और डिजिटल माध्यमों के जरिए लोगों को फॉरेक्स ट्रेडिंग में निवेश के लिए आकर्षित किया गया। निवेशकों को कम समय में अधिक मुनाफा देने का दावा कर बड़ी रकम निवेश कराई गई। निवेशकों के अनुसार शुरुआत में प्लेटफॉर्म के माध्यम से उन्हें समय पर अच्छा रिटर्न मिला। इससे लोगों का भरोसा बढ़ा और देखते ही देखते बड़ी संख्या में लोग इस नेटवर्क से जुड़ते चले गए। कई निवेशकों ने अपनी जीवनभर की जमा पूंजी इसमें लगा दी। कुछ लोगों ने बैंक से रकम निकालकर और कर्ज लेकर भी निवेश करने का दावा किया है। पीड़ित निवेशकों का कहना है कि फरवरी 2026 के बाद अचानक प्लेटफॉर्म पर तकनीकी समस्या का हवाला देते हुए विथड्रॉल यानी पैसे निकालने की सुविधा बंद कर दी गई।

इसके बाद निवेशकों की रकम ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर फंस गई और भुगतान पूरी तरह रुक गया। निवेशकों का आरोप है कि लंबे समय से उन्हें अपनी रकम वापस नहीं मिल पा रही है। निवेशकों ने दावा किया कि इस पूरे नेटवर्क में करीब पांच लोग शामिल हैं और देशभर में एक लाख से ज्यादा लोग इससे प्रभावित हुए हैं। उनका कहना है कि फंसी हुई राशि अरबों रुपये तक पहुंच सकती है। हालांकि, इन दावों की अभी तक पुलिस या किसी सरकारी जांच एजेंसी द्वारा आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। डोंगरगढ़ पहुंचे निवेशकों ने कथित रूप से मामले से जुड़े एक व्यक्ति के घर का घेराव करने का प्रयास किया। इसकी जानकारी मिलने के बाद स्थानीय लोग भी बड़ी संख्या में मौके पर पहुंच गए। लोगों ने निवेशकों से अपील की कि वे कानून अपने हाथ में न लें और पुलिस के माध्यम से कार्रवाई करें। इसके बाद पुलिस ने सभी लोगों को वहां से हटाया और कानूनी प्रक्रिया अपनाने की सलाह दी। इसके बाद सभी निवेशक डोंगरगढ़ थाने पहुंचे और थाना प्रभारी भूषण चंद्राकर से मुलाकात कर मामले की जानकारी दी। हालांकि खबर लिखे जाने तक किसी भी निवेशक की ओर से थाने में लिखित शिकायत दर्ज नहीं कराई गई थी।

थाना प्रभारी भूषण चंद्राकर ने बताया कि विभिन्न राज्यों से आए लोगों ने ऑनलाइन ठगी की जानकारी दी है। अभी तक कोई लिखित शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। उन्होंने निवेशकों को सलाह दी कि वे संबंधित स्थान के थाने में शिकायत दर्ज कराएं। यदि जांच के दौरान डोंगरगढ़ पुलिस की आवश्यकता होगी तो नियमानुसार सहयोग किया जाएगा। नागपुर से पहुंचे निवेशक रविशंकर बाघ ने आरोप लगाया कि कुलजीत सिंह भाटिया, जोगेंद्र वर्मा, अभय कुनले और मयंक सहित कुछ लोगों ने फॉरेक्स ट्रेडिंग के नाम पर
निवेश कराया
। उन्होंने कहा कि प्रभावित निवेशक जल्द ही राजनांदगांव पुलिस अधीक्षक और रेंज आईजी से मुलाकात कर मामले की निष्पक्ष जांच और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करेंगे। फिलहाल पुलिस ने मामले में कोई आधिकारिक निष्कर्ष नहीं निकाला है। आरोपित पक्ष की ओर से भी कोई बयान सामने नहीं आया है। पुलिस का कहना है कि लिखित शिकायत मिलने और जांच के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
Tags:    

Similar News