Raipur. रायपुर। राजधानी रायपुर के नया बस स्टैंड भाठागांव में एक बस हेल्पर के साथ मारपीट और हमला करने का मामला सामने आया है। पीड़ित हेल्पर ने पुलिस को शिकायत देकर बताया कि वह रात के समय बस स्टैंड परिसर में सो रहा था, तभी वहां काम करने वाला एक युवक कथित तौर पर शराब के नशे में उसके पास पहुंचा और उसका बिस्तर उठाकर फेंक दिया। इसके बाद आरोपी ने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी और कथित रूप से किसी नुकीली वस्तु से उसके गले और बाएं कंधे पर वार कर दिया। घटना के बाद पीड़ित ने पुलिस से आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। पीड़ित के अनुसार, वह ग्राम सिलोदा, जिला दुर्ग का रहने वाला है और नया बस स्टैंड भाठागांव रायपुर में नवीन बस में हेल्पर का काम करता है। रोजाना की तरह वह 9 अगस्त 2026 की रात करीब 9 बजे नया बस स्टैंड भाठागांव परिसर में सो रहा था। इसी दौरान बस स्टैंड में ही काम करने वाला खैरू नामक युवक वहां पहुंचा।
शिकायत के मुताबिक, युवक उस समय शराब के नशे में था। वहां पहुंचने के बाद उसने सो रहे हेल्पर का बिस्तर उठाकर फेंक दिया। अचानक हुई इस हरकत से पीड़ित ने विरोध किया। आरोप है कि इसके बाद युवक ने उसके साथ गाली-गलौज शुरू कर दी और मां-बहन को लेकर आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया। मामला यहीं नहीं रुका और आरोपी ने पीड़ित को जान से मारने की धमकी भी दी। पीड़ित का आरोप है कि विवाद के दौरान आरोपी ने अपने हाथ में रखी किसी नुकीली वस्तु से उस पर हमला कर दिया। इस हमले में उसके गले और बाएं कंधे में चोट लगी। अचानक हुए हमले से वहां मौजूद लोगों में भी हलचल मच गई। पीड़ित ने बताया कि घटना के दौरान श्याम लाल मरकाम सहित आसपास के कई लोगों ने घटना को देखा और सुना।
हमले के बाद पीड़ित ने मामले की जानकारी पुलिस को दी और लिखित शिकायत दर्ज कराते हुए आरोपी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की। शिकायत में उसने घटना का समय, स्थान और आरोपी द्वारा कथित तौर पर की गई मारपीट तथा धमकी की जानकारी पुलिस को दी है। बस स्टैंड जैसे सार्वजनिक स्थान पर इस तरह की घटना सामने आने के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। नया बस स्टैंड भाठागांव में दिन-रात यात्रियों और बस कर्मचारियों की आवाजाही रहती है। यहां बड़ी संख्या में चालक, परिचालक और हेल्पर अपनी बसों के साथ मौजूद रहते हैं। ऐसे में किसी कर्मचारी पर कथित रूप से नुकीली वस्तु से हमला किए जाने की घटना को गंभीर माना जा रहा है।