Durg. दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में नवरात्रि पर्व के दौरान शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए हैं। जिले के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में आयोजित होने वाले गरबा कार्यक्रमों, चूनरी यात्राओं और दुर्गा पूजा पंडालों की सुरक्षा के लिए कुल 361 पुलिस अधिकारी और कर्मचारियों की तैनाती की गई है। सुरक्षा व्यवस्था को प्रभावी बनाने के लिए पुलिसकर्मियों की ड्यूटी 24 घंटे रोटेशन के आधार पर निर्धारित की गई है। महिला सुरक्षा, असामाजिक तत्वों की निगरानी और यातायात व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। प्रमुख आयोजन स्थलों पर पुलिस बल तैनात करने के साथ लगातार पेट्रोलिंग और गश्त की व्यवस्था की गई है।
गरबा और दुर्गा पंडालों में 361 पुलिसकर्मी तैनात
दुर्ग पुलिस के अनुसार, नवरात्रि पर्व के दौरान जिले के विभिन्न स्थानों पर बड़ी संख्या में धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इन आयोजनों में श्रद्धालुओं और आम नागरिकों की भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए हैं। शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में गरबा आयोजन स्थलों, दुर्गा पंडालों और चूनरी यात्रा के मार्गों पर पुलिस अधिकारी और कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। पुलिस लाइन से अतिरिक्त बल की तैनाती कर सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया गया है। प्रमुख और संवेदनशील स्थानों पर फिक्स पॉइंट बनाकर पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है।
दिन और रात अलग-अलग ड्यूटी, 24 घंटे रहेगी निगरानी
नवरात्रि के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए कुल 361 पुलिस अधिकारी और कर्मचारियों को रोटेशन प्रणाली के तहत जिम्मेदारी सौंपी गई है। दिन और रात के लिए अलग-अलग ड्यूटी निर्धारित की गई है, ताकि किसी भी समय सुरक्षा में कमी न रहे। राजपत्रित पुलिस अधिकारियों को उनके क्षेत्राधिकार के अनुसार जिम्मेदारी दी गई है। संबंधित थाना प्रभारी, निरीक्षक और अन्य पुलिसकर्मी अपने-अपने क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था संभाल रहे हैं। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर एवं ग्रामीण, नगर पुलिस अधीक्षक और पुलिस लाइन के अधिकारी भी सुरक्षा इंतजामों की निगरानी कर रहे हैं।
गरबा आयोजनों में महिलाओं की सुरक्षा पर विशेष फोकस
दुर्ग पुलिस ने नवरात्रि के दौरान महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा को प्राथमिकता दी है। गरबा कार्यक्रमों और अन्य सार्वजनिक आयोजनों में महिला शक्ति टीम को विशेष निगरानी की जिम्मेदारी सौंपी गई है। महिला शक्ति टीम के सदस्य आयोजन स्थलों पर मौजूद रहकर संदिग्ध गतिविधियों और अभद्र व्यवहार पर नजर रख रहे हैं। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि किसी भी महिला या बालिका के साथ छेड़छाड़, अभद्र व्यवहार अथवा उत्पीड़न की शिकायत मिलने पर तत्काल कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का उद्देश्य महिलाओं और बालिकाओं को ऐसा सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना है, जिसमें वे बिना किसी भय के धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में शामिल हो सकें।
गुंडा-बदमाशों और हथियार लेकर घूमने वालों की जांच
नवरात्रि पर्व के दौरान असामाजिक तत्वों पर नियंत्रण रखने के लिए रात्रिकालीन गश्त बढ़ाई गई है। पुलिस द्वारा सार्वजनिक स्थानों, संवेदनशील इलाकों और अड्डेबाजी की आशंका वाले क्षेत्रों में लगातार निगरानी की जा रही है। गुंडा-बदमाशों तथा धारदार हथियार लेकर घूमने वाले संदिग्ध व्यक्तियों की जांच की जा रही है। कानून-व्यवस्था बिगाड़ने या सार्वजनिक शांति भंग करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि धार्मिक आयोजनों के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या असामाजिक गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
यातायात व्यवस्था के लिए विशेष पुलिस बल तैनात
नवरात्रि पर्व के दौरान गरबा आयोजनों, चूनरी यात्राओं और दुर्गा पंडालों में श्रद्धालुओं की अधिक आवाजाही को देखते हुए यातायात पुलिस को भी विशेष जिम्मेदारी सौंपी गई है। प्रमुख चौक-चौराहों, मुख्य मार्गों और आयोजन स्थलों के आसपास यातायात पुलिस की ड्यूटी लगाई गई है। सड़क पर अनावश्यक जाम और अव्यवस्था रोकने के लिए फिक्स पॉइंट, पेट्रोलिंग और लगातार निगरानी की व्यवस्था की गई है। आवश्यकता पड़ने पर यातायात को नियंत्रित कर वाहनों का आवागमन सुचारु बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।
पुलिस अधीक्षक कर रहे सुरक्षा व्यवस्था की मॉनिटरिंग
जिले में नवरात्रि के लिए की गई सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी पुलिस अधीक्षक के स्तर पर की जा रही है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर एवं ग्रामीण, नगर पुलिस अधीक्षक और अन्य वरिष्ठ अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में तैनात पुलिस बल के बीच समन्वय स्थापित कर रहे हैं। इसके साथ ही प्रमुख आयोजन स्थलों और संवेदनशील क्षेत्रों की सुरक्षा व्यवस्था की नियमित समीक्षा की जा रही है।
दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से की अपील
दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से नवरात्रि पर्व के दौरान शांति, अनुशासन और आपसी सहयोग बनाए रखने की अपील की है। पुलिस ने नागरिकों से यातायात नियमों का पालन करने, निर्धारित मार्गों का उपयोग करने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तत्काल सूचना देने को कहा है। इसके अलावा अफवाहों से बचने और किसी भी आपात स्थिति में पुलिस से संपर्क करने की अपील की गई है। दुर्ग पुलिस का कहना है कि नवरात्रि पर्व को शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के लिए पुलिस बल पूरी तरह सतर्क है।