क्रिप्टोकरेंसी में रकम दोगुनी करने का झांसा देकर गृहिणी से 4 लाख की ठगी
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Bilaspur. बिलासपुर। क्रिप्टोकरेंसी में निवेश कर कम समय में रकम दोगुनी करने का लालच देकर ठगी करने का एक और मामला सामने आया है। बिलासपुर में एक 62 वर्षीय गृहिणी से बिटकॉइन आधारित कंपनी में निवेश कराने का झांसा देकर 4 लाख रुपये की धोखाधड़ी की गई है। पीड़िता की शिकायत पर तोरवा थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने महिला को निवेश पर अच्छा रिटर्न मिलने का भरोसा दिलाया था। लेकिन तय समय पूरा होने के बाद न तो मूल राशि वापस की गई और न ही कोई लाभ दिया गया।
बैंक के बाहर हुई थी आरोपी से मुलाकात
पुलिस को दी गई शिकायत में हेमूनगर स्थित दुर्गा पंडाल के पास रहने वाली आशा भागचंदानी (62) ने बताया कि जनवरी 2024 में उनकी मुलाकात जांजगीर-चांपा जिले के नवागढ़ निवासी गौरी शंकर दिवाकर से हुई थी। यह मुलाकात व्यापार विहार स्थित उज्जीवन बैंक के बाहर हुई थी। बातचीत के दौरान आरोपी ने खुद को निवेश से जुड़ी जानकारी रखने वाला बताते हुए महिला को क्रिप्टोकरेंसी में पैसा लगाने की सलाह दी। आरोपी ने महिला को बताया कि बैंक में पैसा रखने से बेहतर है कि वह बिटकॉइन से जुड़ी 'श्रीवर्स' नामक कंपनी में निवेश करें, जहां कम समय में अच्छा मुनाफा मिल सकता है।
18 महीने में रकम दोगुनी करने का दिया झांसा
शिकायत के अनुसार, आरोपी ने आशा भागचंदानी को विश्वास दिलाया कि कंपनी में निवेश करने पर 18 महीने के भीतर उनकी रकम दोगुनी हो जाएगी। आरोपी की बातों पर भरोसा करते हुए महिला ने 27 जनवरी 2024 को उसे अपने घर बुलाया। इसके बाद उसके बताए गए बैंक खाते में इंटरनेट बैंकिंग के माध्यम से 4 लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए। महिला को उम्मीद थी कि तय अवधि पूरी होने के बाद उन्हें निवेश की राशि के साथ अतिरिक्त लाभ भी मिलेगा।
समय पूरा होने के बाद आरोपी ने लौटाने से किया इनकार
पीड़िता ने पुलिस को बताया कि जब 18 महीने की अवधि पूरी हो गई और उन्होंने अपनी रकम वापस मांगी तो आरोपी ने पैसे लौटाने से इनकार कर दिया। आरोपी ने महिला से कहा कि संबंधित कंपनी बंद हो चुकी है और अब किसी भी निवेशक को पैसा वापस नहीं मिलेगा। इसके बाद उसने अपना मोबाइल फोन भी बंद कर लिया। फोन बंद होने के बाद महिला का आरोपी से संपर्क पूरी तरह टूट गया। इसके बाद उन्हें अपने साथ धोखाधड़ी होने का एहसास हुआ।
तोरवा पुलिस ने दर्ज किया मामला
पीड़िता ने मामले की शिकायत तोरवा थाना पहुंचकर दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने आरोपी गौरी शंकर दिवाकर के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अब आरोपी के बैंक खाते, मोबाइल नंबर और अन्य संबंधित जानकारी की जांच कर रही है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि आरोपी ने इस तरह से और कितने लोगों को अपना शिकार बनाया है।
पुलिस ने लोगों से की सतर्क रहने की अपील
क्रिप्टोकरेंसी और ऑनलाइन निवेश के नाम पर होने वाली ठगी के मामलों में लगातार बढ़ोतरी देखी जा रही है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान व्यक्ति के कहने पर निवेश न करें और अधिक लाभ के लालच में बिना जांच-पड़ताल के पैसे ट्रांसफर करने से बचें। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि निवेश से पहले कंपनी की वैधता, रजिस्ट्रेशन और संबंधित दस्तावेजों की जांच जरूर करनी चाहिए। किसी भी संदिग्ध ऑनलाइन योजना या व्यक्ति की जानकारी तुरंत पुलिस को देनी चाहिए। फिलहाल तोरवा पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और आरोपी की तलाश की जा रही है।