भाठागांव बस स्टैंड से 10 किलो गांजे के साथ पकड़ाए अंतर्राज्यीय गांजा तस्कर
छग
Raipur. रायपुर। राजधानी रायपुर में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ कमिश्नरेट पुलिस को एक और बड़ी सफलता मिली है। टिकरापारा थाना पुलिस ने भाठागांव मैदान बस स्टैंड के पास कार्रवाई करते हुए 10.226 किलोग्राम गांजा के साथ तीन अंतर्राज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी हरियाणा और उत्तर प्रदेश के निवासी हैं, जो छत्तीसगढ़ में गांजा की तस्करी और बिक्री के उद्देश्य से पहुंचे थे। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से गांजा के अलावा दो मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। जब्त मशरूका की कुल कीमत करीब 5 लाख 12 हजार 300 रुपये आंकी गई है।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ थाना टिकरापारा में अपराध क्रमांक 620/2026 के तहत नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रॉपिक सब्सटेंस (एनडीपीएस) एक्ट की धारा 20(बी) के अंतर्गत मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है। मामले में आगे सप्लाई नेटवर्क का पता लगाने के लिए एंड-टू-एंड जांच जारी है। पुलिस के अनुसार, 11 जुलाई 2026 को टिकरापारा थाना पुलिस को विश्वसनीय मुखबिर से सूचना मिली थी कि भाठागांव मैदान बस स्टैंड के पास कुछ लोग बड़ी मात्रा में गांजा लेकर खड़े हैं और उसकी बिक्री करने की फिराक में हैं। सूचना मिलते ही पुलिस उपायुक्त (पश्चिम) संदीप कुमार पटेल ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन और थाना प्रभारी टिकरापारा के नेतृत्व में पुलिस की विशेष टीम गठित की गई। टीम ने मुखबिर द्वारा बताए गए स्थान पर पहुंचकर संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान की और योजनाबद्ध तरीके से घेराबंदी कर उन्हें पकड़ लिया। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने अपनी पहचान हरियाणा निवासी कपिल कटारिया, उत्तर प्रदेश निवासी महेश दुबे और नीरज शर्मा के रूप में बताई। तीनों के पास मौजूद बैगों की तलाशी लेने पर उनमें कुल 10.226 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। गांजा बरामद होने के बाद पुलिस ने तीनों आरोपियों को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया। साथ ही उनके कब्जे से दो मोबाइल फोन भी जब्त किए गए, जिनकी जांच की जा रही है। पुलिस को उम्मीद है कि मोबाइल फोन से तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी मिल सकती है।
प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी अंतर्राज्यीय स्तर पर मादक पदार्थों की तस्करी से जुड़े हुए हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गांजा कहां से लाया गया था, इसे किसे सप्लाई किया जाना था और इस नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि प्रकरण में फॉरवर्ड और बैकवर्ड लिंकेज के आधार पर विस्तृत जांच की जा रही है। तस्करी की पूरी सप्लाई चेन का खुलासा करने और नेटवर्क से जुड़े अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार पूछताछ की जा रही है।
गिरफ्तार आरोपियों में कपिल कटारिया (26 वर्ष) निवासी आठ मल्ला कॉलोनी, पानीपत (हरियाणा), महेश दुबे (32 वर्ष) निवासी आईटीआई कॉलोनी, नैनी, प्रयागराज (उत्तर प्रदेश) तथा नीरज शर्मा (25 वर्ष) निवासी ग्राम भोगपुर, तहसील खैर, जिला अलीगढ़ (उत्तर प्रदेश) शामिल हैं। रायपुर पुलिस का कहना है कि प्रदेश में नशे के कारोबार पर पूरी तरह अंकुश लगाने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। खासकर अंतर्राज्यीय तस्करों और संगठित गिरोहों के खिलाफ विशेष अभियान संचालित किए जा रहे हैं। पुलिस केवल गांजा बरामद करने तक सीमित नहीं है, बल्कि तस्करी के पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए स्रोत से लेकर अंतिम सप्लाई तक की जांच कर रही है।
अधिकारियों ने बताया कि कमिश्नरेट पुलिस की प्राथमिकता युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाना और मादक पदार्थों की अवैध तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना है। इसी उद्देश्य से संवेदनशील इलाकों, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन और सीमावर्ती मार्गों पर लगातार निगरानी बढ़ाई गई है। रायपुर पुलिस ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि यदि कहीं मादक पदार्थों की बिक्री, परिवहन या तस्करी की जानकारी मिले तो तत्काल पुलिस को सूचना दें। सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी। पुलिस का कहना है कि मादक पदार्थों के अवैध कारोबार में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। आने वाले दिनों में भी ऐसे विशेष अभियान लगातार जारी रहेंगे और नशे के कारोबार में संलिप्त लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।