Raipur. रायपुर। राजधानी रायपुर में हेरोइन तस्करी के मामले में पुलिस ने बैकवर्ड लिंक के आधार पर कार्रवाई करते हुए एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट, एंटी नारकोटिक टास्क फोर्स और थाना टिकरापारा पुलिस की संयुक्त टीम ने आरोपी विक्रम सिंह उर्फ शेखर अन्ना को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से प्रकरण से संबंधित एक मोबाइल फोन जब्त किया गया है। इस कार्रवाई के बाद मामले में अब तक कुल तीन आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। पुलिस का कहना है कि हेरोइन तस्करी के पूरे नेटवर्क का पता लगाने के लिए इंड-टू-इंड विवेचना जारी है और तस्करी से जुड़े अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है।
पुलिस के मुताबिक 10 जून 2026 को वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट, एंटी नारकोटिक टास्क फोर्स और थाना टिकरापारा पुलिस की संयुक्त टीम ने भाठागांव स्थित नया बस स्टैंड के पास कार्रवाई की थी। इस दौरान पुलिस ने हरप्रीत सिंह मट्टू और ऋषि साहू को गिरफ्तार किया था। दोनों आरोपियों के कब्जे से कुल 8.75 ग्राम नशीला प्रतिबंधित मादक पदार्थ हेरोइन बरामद किया गया था। जब्त हेरोइन की कीमत करीब 1 लाख 70 हजार रुपये बताई गई थी। इसके अलावा बिक्री की रकम 2,050 रुपये भी जब्त की गई थी। कुल जब्ती की कीमत करीब 1 लाख 72 हजार 50 रुपये थी।
पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ थाना टिकरापारा में अपराध क्रमांक 517/26 के तहत नारकोटिक एक्ट की धारा 21बी में मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू की थी। इसके बाद जांच को आगे बढ़ाते हुए पुलिस ने आरोपियों से हेरोइन की सप्लाई के स्रोत और नेटवर्क से जुड़े लोगों के संबंध में पूछताछ की। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर पुलिस ने मामले की इंड-टू-इंड जांच शुरू की। इसका उद्देश्य हेरोइन की सप्लाई कहां से हुई, इसे उपलब्ध कराने वाले लोग कौन हैं और तस्करी के नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं, इसकी पूरी जानकारी जुटाना है। पूर्व में गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के दौरान पुलिस को महत्वपूर्ण जानकारी मिली। आरोपियों ने कथित तौर पर बताया कि उन्हें हेरोइन की सप्लाई जिला दुर्ग के भिलाई निवासी विक्रम सिंह उर्फ शेखर अन्ना से प्राप्त हुई थी।
पूछताछ से मिली इस जानकारी के बाद पुलिस टीम ने विक्रम सिंह की पतासाजी शुरू की। पुलिस ने आरोपी की गतिविधियों और संभावित ठिकानों के संबंध में लगातार सूचना जुटाई। इसके साथ ही तकनीकी साक्ष्यों और अन्य माध्यमों से प्राप्त तथ्यों का विश्लेषण किया गया। पुलिस टीम ने विभिन्न स्तरों पर प्रयास करते हुए आरोपी तक पहुंचने की कोशिश की। पुलिस के अनुसार प्राप्त सूचनाओं और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर विक्रम सिंह उर्फ शेखर अन्ना को गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी की पहचान विक्रम सिंह उर्फ शेखर अन्ना, पिता अमरीक सिंह, उम्र 30 वर्ष, निवासी न्यू खुर्सीपार पंजाबी मोहल्ला, जागीर चौक, भिलाई, जिला दुर्ग के रूप में हुई है। पुलिस ने उसके कब्जे से प्रकरण से संबंधित एक मोबाइल फोन भी जब्त किया है। अब पुलिस जब्त मोबाइल फोन और जांच के दौरान सामने आए अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपी से पूछताछ कर रही है।
पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि हेरोइन की सप्लाई का वास्तविक स्रोत क्या है और इस नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। इसके अलावा पुलिस तस्करी के संभावित रास्तों, सप्लाई चैन और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि मामले में जांच अभी जारी है और इसे केवल गिरफ्तार आरोपियों तक सीमित नहीं रखा गया है। तस्करी से जुड़े अन्य संभावित आरोपियों की पहचान के लिए लगातार सूचना संकलित की जा रही है। संदिग्ध ठिकानों पर दबिश देने के साथ आरोपियों के संपर्क और गतिविधियों की भी जांच की जा रही है। रायपुर पुलिस के मुताबिक इस मामले में इंड-टू-इंड विवेचना का उद्देश्य हेरोइन की सप्लाई चेन की पूरी कड़ी तक पहुंचना है, ताकि नशीले पदार्थ की सप्लाई करने वाले स्रोत और इसे आगे खपाने वाले लोगों की पहचान की जा सके। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के खिलाफ भी उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। इस कार्रवाई में एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट, एंटी नारकोटिक टास्क फोर्स और थाना टिकरापारा पुलिस की संयुक्त भूमिका रही। पुलिस की कार्रवाई के बाद अब मामले में गिरफ्तार आरोपियों की संख्या तीन हो गई है। जांच एजेंसियां हेरोइन तस्करी के पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी हैं और आने वाले समय में इस मामले में और गिरफ्तारियां होने की संभावना बनी हुई है।