पुणे । महाराष्ट्र के पुणे में वाहनों पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HSRP) लगाने की प्रक्रिया उम्मीद के मुताबिक रफ्तार नहीं पकड़ पा रही है। पुणे क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (RTO) के अधिकार क्षेत्र में 1 अप्रैल 2019 से पहले पंजीकृत लगभग 26 लाख वाहनों में से अब तक केवल 9,88,179 वाहनों पर ही HSRP लगाई गई है। यह कुल पात्र वाहनों का लगभग 38 प्रतिशत है। यानी करीब 16.12 लाख वाहन ऐसे हैं, जिनमें अभी भी हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगाई जानी बाकी है।

26 अक्टूबर 2026 तक के उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, पुणे RTO को HSRP लगाने के लिए कुल 12,00,391 ऑर्डर प्राप्त हुए हैं। वहीं, 11,97,950 अपॉइंटमेंट दर्ज किए गए हैं। इसके बावजूद नंबर प्लेट लगाने की प्रक्रिया केवल 9,88,179 वाहनों में पूरी हो पाई है। इन आंकड़ों ने वाहन मालिकों की ओर से बुकिंग कराने और वास्तव में नंबर प्लेट लगने के बीच बड़े अंतर को सामने रखा है।

26 लाख वाहनों में सिर्फ 38 प्रतिशत पर लगी HSRP

पुणे RTO के अंतर्गत पुराने वाहनों की संख्या काफी अधिक है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, 1 अप्रैल 2019 से पहले पंजीकृत लगभग 26 लाख वाहन HSRP लगाने की श्रेणी में आते हैं।

इनमें से केवल 9,88,179 वाहनों में नंबर प्लेट लगाने का काम पूरा हुआ है।

इस प्रकार लगभग 38 प्रतिशत पात्र वाहनों में ही निर्धारित प्रक्रिया पूरी हो सकी है।

वहीं, करीब 62 प्रतिशत वाहन अब भी इस प्रक्रिया से बाहर हैं।

यह अंतर बताता है कि बड़ी संख्या में वाहन मालिकों को अभी HSRP लगवाने की प्रक्रिया पूरी करनी है।

16.12 लाख वाहनों में नंबर प्लेट लगना बाकी

कुल पात्र वाहनों और अब तक HSRP लगवा चुके वाहनों की संख्या की तुलना करें तो लगभग 16.12 लाख वाहनों में नंबर प्लेट लगनी बाकी है।

यह संख्या काफी बड़ी है और इससे स्पष्ट होता है कि पुणे में पुराने वाहनों के लिए चल रही HSRP प्रक्रिया अभी अधूरी है।

हालांकि, शेष वाहनों में से कितने मालिकों ने बुकिंग करा ली है और कितनों ने अब तक आवेदन नहीं किया है, इसका पूरा अलग-अलग विवरण उपलब्ध नहीं है।

इसलिए सभी लंबित मामलों को वाहन मालिकों की लापरवाही से जोड़ना उचित नहीं होगा।

12 लाख ऑर्डर, लेकिन प्लेट लगीं 10 लाख से कम

RTO के आंकड़ों में सबसे महत्वपूर्ण अंतर ऑर्डर और वास्तविक फिटमेंट के बीच दिखाई देता है।

26 अक्टूबर तक कुल 12,00,391 ऑर्डर प्राप्त हुए थे।

इसके मुकाबले 9,88,179 वाहनों में HSRP लगाने का काम पूरा हुआ।

दोनों आंकड़ों में 2,12,212 का अंतर है।

इसका अर्थ है कि प्राप्त ऑर्डर की संख्या पूरी हो चुकी फिटमेंट की संख्या से दो लाख से अधिक है।

हालांकि, यह जरूरी नहीं कि सभी शेष ऑर्डर निर्धारित समयसीमा से अधिक लंबित हों। कुछ बुकिंग भविष्य की तारीखों के लिए भी हो सकती हैं।

अपॉइंटमेंट और फिटमेंट में भी बड़ा अंतर

पुणे RTO में 11,97,950 अपॉइंटमेंट दर्ज किए गए हैं।

इसके मुकाबले HSRP फिटमेंट की संख्या 9,88,179 है।

इस प्रकार दर्ज अपॉइंटमेंट और पूरी हो चुकी फिटमेंट के बीच 2,09,771 का अंतर सामने आता है।

यह आंकड़ा प्रक्रिया की प्रगति को समझने के लिए महत्वपूर्ण है।

हालांकि, उपलब्ध जानकारी में यह स्पष्ट नहीं है कि कितने अपॉइंटमेंट की तारीख अभी आनी बाकी है और कितने मामलों में निर्धारित समय पर नंबर प्लेट नहीं लग सकी।

इसलिए केवल इन आंकड़ों से देरी के लिए किसी एक पक्ष को जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता।

क्या होती है HSRP नंबर प्लेट?

हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट वाहनों के लिए निर्धारित सुरक्षा विशेषताओं वाली नंबर प्लेट होती है।

इसमें विशेष पहचान चिह्न और सुरक्षा संबंधी विशेषताएं शामिल होती हैं, जिनका उद्देश्य वाहन की पहचान को अधिक विश्वसनीय बनाना है।

सामान्य नंबर प्लेट की तुलना में HSRP में छेड़छाड़ और अनधिकृत बदलाव को कठिन बनाने के उपाय होते हैं।

वाहनों की पहचान और रिकॉर्ड की विश्वसनीयता बनाए रखने में ऐसी प्लेटों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।

हालांकि, HSRP लगने मात्र से वाहन चोरी या अन्य अपराधों की पूरी तरह रोकथाम होने की गारंटी नहीं होती।

पुराने वाहनों के लिए क्यों जरूरी है HSRP?

1 अप्रैल 2019 से पहले पंजीकृत कई वाहनों में पुराने प्रारूप की नंबर प्लेट लगी हुई हैं।

ऐसे वाहनों को लागू नियमों और राज्य की निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार HSRP लगवाने की आवश्यकता होती है।

इसका उद्देश्य वाहन पहचान प्रणाली को अधिक व्यवस्थित और सुरक्षित बनाना है।

वाहन मालिकों के लिए जरूरी है कि वे अपने वाहन की पात्रता और लागू नियमों की जानकारी आधिकारिक परिवहन विभाग के माध्यम से प्राप्त करें।

हालांकि, पुणे में इस समय लागू अंतिम समयसीमा और संभावित जुर्माने के संबंध में उपलब्ध आंकड़ों में कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई है।

फिटमेंट प्रक्रिया में तेजी लाने की जरूरत

पुणे में लगभग 16.12 लाख वाहनों पर HSRP लगना बाकी होना एक बड़ी प्रशासनिक चुनौती को दर्शाता है।

इतनी बड़ी संख्या में वाहनों के लिए बुकिंग, अपॉइंटमेंट और फिटमेंट की प्रक्रिया सुचारू रखना महत्वपूर्ण है।

इसके लिए अधिकृत फिटमेंट केंद्रों की उपलब्धता, समय पर नंबर प्लेट पहुंचना और वाहन मालिकों को स्पष्ट जानकारी मिलना उपयोगी हो सकता है।

हालांकि, वर्तमान आंकड़ों से यह स्थापित नहीं होता कि प्रक्रिया की धीमी प्रगति का कारण केंद्रों की कमी या तकनीकी समस्या ही है।

इसके लिए RTO की विस्तृत समीक्षा आवश्यक होगी।

वाहन मालिकों को किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?

जिन वाहन मालिकों ने अब तक HSRP के लिए आवेदन नहीं किया है, उन्हें अपने वाहन की पात्रता और आधिकारिक बुकिंग व्यवस्था की जानकारी लेनी चाहिए।

जिन लोगों ने पहले ही अपॉइंटमेंट लिया है, उन्हें निर्धारित तारीख और स्थान की पुष्टि करनी चाहिए।

नंबर प्लेट लगवाने के लिए केवल अधिकृत माध्यमों का उपयोग करना जरूरी है।

इससे गलत वेबसाइटों, अनधिकृत एजेंटों और संभावित धोखाधड़ी से बचने में मदद मिल सकती है।

वाहन मालिकों को भुगतान और अपॉइंटमेंट से संबंधित रिकॉर्ड भी सुरक्षित रखना चाहिए।

Tags: