भुवनेश्वर। ओडिशा में चक्रवात 'अरनाब' के कारण हुई भारी बारिश और बाढ़ ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। दक्षिणी ओडिशा के गजपति जिले से एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां नदी पार करते समय तेज बहाव में बह गए युवक का शव तीन दिन बाद बरामद किया गया। मृतक की पहचान रायगडा ब्लॉक के तितिली गांव निवासी प्रेमानंद गमांग के रूप में हुई है। युवक की मौत की खबर मिलते ही परिवार में मातम छा गया और गांव में शोक का माहौल बन गया।

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, प्रेमानंद किसी जरूरी काम से मंगलवार को रायगडा ब्लॉक के सादा गांव स्थित अपने रिश्तेदार के घर गया था। वहां से लौटते समय उसे नदी पार करनी थी। इसी दौरान नदी में तेज बहाव के कारण वह अपना संतुलन खो बैठा और पानी के साथ बह गया। चक्रवात के कारण क्षेत्र में लगातार बारिश होने से नदी का जलस्तर काफी बढ़ गया था। पानी का बहाव इतना तेज था कि युवक खुद को संभाल नहीं सका।

रिश्तेदार के घर से लौटते समय हुआ हादसा

जानकारी के अनुसार, प्रेमानंद गमांग मंगलवार को सादा गांव में अपने रिश्तेदार के यहां गया हुआ था। काम पूरा करने के बाद वह अपने गांव तितिली लौट रहा था। इसी दौरान रास्ते में पड़ने वाली नदी को पार करते समय यह हादसा हो गया।

बताया जा रहा है कि उस समय नदी में पानी का स्तर सामान्य से काफी अधिक था। चक्रवात अरनाब के प्रभाव से लगातार हो रही बारिश के कारण नदियों और नालों में पानी तेजी से बढ़ रहा था। ऐसे में नदी पार करना जोखिम भरा साबित हुआ। तेज बहाव की चपेट में आने के बाद प्रेमानंद देखते ही देखते पानी में लापता हो गया।

तीन दिन तक परिजनों ने की तलाश

प्रेमानंद के वापस नहीं लौटने पर परिजनों को चिंता हुई। उन्होंने पहले रिश्तेदारों और परिचितों से उसके बारे में जानकारी जुटाई। जब उसका कोई पता नहीं चला तो परिवार के लोगों ने आसपास के क्षेत्रों और नदी के किनारे उसकी तलाश शुरू कर दी।

परिजनों ने कई संभावित स्थानों पर खोजबीन की, लेकिन युवक का कोई सुराग नहीं मिला। नदी में तेज बहाव और बाढ़ जैसी स्थिति होने के कारण तलाश करना भी मुश्किल था। परिवार को उम्मीद थी कि प्रेमानंद कहीं सुरक्षित होगा और वापस लौट आएगा, लेकिन तीन दिन बाद मिली खबर ने उनकी उम्मीदों को तोड़ दिया।

गजपति जिले में बरामद हुआ शव

तीन दिनों तक तलाश जारी रहने के बाद गजपति जिले में प्रेमानंद का शव बरामद किया गया। शव मिलने की सूचना के बाद स्थानीय स्तर पर प्रशासनिक और पुलिस कार्रवाई की गई। मृतक की पहचान की पुष्टि होने के बाद परिजनों को इसकी जानकारी दी गई।

प्रेमानंद की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। गांव के लोगों में भी इस घटना को लेकर गहरा दुख है। एक युवा की इस तरह असमय मौत ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है।

चक्रवात अरनाब से दक्षिणी ओडिशा में भारी तबाही

दरअसल, चक्रवात अरनाब के प्रभाव से ओडिशा के दक्षिणी जिलों में भारी बारिश हुई है। गजपति, गंजाम और कंधमाल जैसे जिले सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों में शामिल हैं। लगातार बारिश के चलते कई नदियों का जलस्तर बढ़ गया है। कुछ क्षेत्रों में बाढ़ और भूस्खलन की घटनाएं भी सामने आई हैं।

गजपति जिले में महेंद्रतनया और वंशधारा नदियों के जलस्तर में वृद्धि के कारण निचले इलाकों में पानी भर गया। कई गांवों का संपर्क मुख्य सड़कों से टूट गया और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के लिए राहत एवं बचाव अभियान चलाया गया।

बाढ़ के कारण कई स्थानों पर सड़कें और पुल क्षतिग्रस्त हुए हैं। खेतों में पानी भरने से फसलों को नुकसान पहुंचा है। प्रशासन की ओर से प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री पहुंचाने और जरूरतमंद लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के प्रयास किए जा रहे हैं।

नदी पार करने के दौरान सावधानी बरतने की अपील

लगातार बारिश के बाद नदियों और नालों में अचानक पानी बढ़ने से ग्रामीण क्षेत्रों में आवागमन खतरनाक हो गया है। विशेष रूप से उन गांवों में रहने वाले लोगों के सामने मुश्किलें हैं, जहां एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचने के लिए नदी पार करनी पड़ती है।

प्रेमानंद की मौत ने एक बार फिर बाढ़ के दौरान नदी पार करने के जोखिम को सामने ला दिया है। तेज बहाव में पानी की गहराई और प्रवाह का अंदाजा लगाना मुश्किल होता है। ऐसे में थोड़ी सी चूक जानलेवा साबित हो सकती है।

प्रशासन और स्थानीय लोगों के लिए जरूरी है कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में लोगों को नदी और नालों के तेज बहाव से दूर रहने के लिए जागरूक किया जाए। जहां आवागमन के रास्ते पानी में डूबे हों, वहां वैकल्पिक मार्ग और सुरक्षित परिवहन की व्यवस्था की जानी चाहिए।

प्रेमानंद गमांग की मौत से तितिली गांव में शोक की लहर है। परिवार के लिए यह दुख सहना बेहद मुश्किल है। चक्रवात और बाढ़ से जूझ रहे ओडिशा में यह घटना प्राकृतिक आपदा के दौरान ग्रामीणों के सामने आने वाले खतरों की गंभीर तस्वीर पेश करती है।

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