जर्जर सराय बनी हादसे का सबब, वार्डवासियों ने नगर निगम से की तत्काल पुनर्निर्माण की मांग
Bhilwara, भीलवाड़ा । शहर के वार्ड संख्या 24 स्थित कुचबंदा समाज मोहल्ले में माता महारानी मंदिर के समीप नगर निगम द्वारा वर्षों पूर्व निर्मित सराय रखरखाव के अभाव में पूरी तरह जर्जर हो चुकी है। भवन की स्थिति इतनी खराब हो गई है कि उसके कभी भी धराशायी होने की आशंका बनी हुई है। इससे स्थानीय निवासियों, श्रद्धालुओं और राहगीरों की सुरक्षा पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है। इस गंभीर समस्या को लेकर सोमवार को नगर अध्यक्ष भूपेंद्र (कुणाल) गोरण के नेतृत्व में मोहल्लेवासियों ने नगर निगम आयुक्त को ज्ञापन सौंपकर सराय के शीघ्र पुनर्निर्माण अथवा आवश्यक मरम्मत कराने की मांग की। भूपेंद्र गोरण ने बताया कि नगर निगम ने वर्षों पहले माता महारानी मंदिर के पास इस सराय का निर्माण कराया था, लेकिन समय-समय पर रखरखाव नहीं होने से इसकी हालत लगातार बिगड़ती चली गई।
वर्तमान में सराय की छत पूरी तरह खोखली हो चुकी है तथा दीवारों का प्लास्टर टूटकर लगातार नीचे गिर रहा है, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। मोहल्लेवासियों ने बताया कि यह सराय घनी आबादी वाले क्षेत्र और प्रसिद्ध माता महारानी मंदिर के ठीक समीप स्थित है। मंदिर में प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं, वहीं आसपास के लोगों की भी दिनभर आवाजाही बनी रहती है। ऐसे में जर्जर भवन के गिरने की स्थिति में जन-धन की बड़ी हानि होने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। ज्ञापन में नगर निगम आयुक्त से मांग की गई है कि जनहित और सार्वजनिक सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए सराय का तत्काल तकनीकी निरीक्षण कराया जाए तथा किसी भी संभावित दुर्घटना से पहले उसके पुनर्निर्माण अथवा आवश्यक मरम्मत का कार्य शीघ्र प्रारंभ कराया जाए। ज्ञापन सौंपने के दौरान शुभम गोरण, सोनू चावरिया, रोहित आदिवाल, राज घावरी, राजवीर कुचबंदा, सौरभ, नरेश, अमल, विक्रम, विक्की, मनीष, अक्षय, ध्रुव, गौरव कुचबंदा सहित वार्ड 24 एवं कुचबंदा समाज मोहल्ले के अनेक क्षेत्रवासी उपस्थित रहे। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समय रहते भवन की मरम्मत या पुनर्निर्माण नहीं कराया गया तो भविष्य में होने वाली किसी भी दुर्घटना की जिम्मेदारी संबंधित विभाग की होगी।