शिवभक्तों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन मुस्तैद, एडीएम ने कांवड़ मार्ग का किया निरीक्षण
मुजफ्फरनगर : श्रावण कांवड़ यात्रा-2026 को सुरक्षित, व्यवस्थित और सुचारू रूप से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। लाखों की संख्या में आने वाले शिवभक्तों की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासनिक अधिकारी लगातार कांवड़ मार्गों का निरीक्षण कर रहे हैं। इसी क्रम में शनिवार को अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) अनिरुद्ध प्रताप सिंह ने मुजफ्फरनगर से बुढ़ाना होते हुए बागपत बॉर्डर तक कांवड़ मार्ग का विस्तृत स्थलीय निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान एडीएम ने सुरक्षा व्यवस्था, यातायात संचालन, डायवर्जन प्लान, कांवड़ सेवा शिविरों की स्थिति और श्रद्धालुओं को उपलब्ध कराई जा रही मूलभूत सुविधाओं की जानकारी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि कांवड़ यात्रा के दौरान किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
एडीएम ने पूरे मार्ग पर सुरक्षा इंतजामों की बारीकी से समीक्षा की। उन्होंने पुलिस अधिकारियों से संवेदनशील स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था, पुलिस बल की तैनाती, बैरिकेडिंग और यातायात प्रबंधन को लेकर जानकारी ली। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि कांवड़ यात्रा के दौरान यातायात व्यवस्था पूरी तरह नियंत्रित रहे और आम नागरिकों के साथ-साथ शिवभक्तों को भी किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
उन्होंने कहा कि डायवर्जन व्यवस्था को पहले से बेहतर तरीके से लागू किया जाए, ताकि कांवड़ियों की आवाजाही सुचारू बनी रहे। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाए कि आपात स्थिति में पुलिस और प्रशासनिक टीमें तुरंत मौके पर पहुंचकर कार्रवाई कर सकें।
निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी ने कांवड़ मार्ग पर बनाए गए विभिन्न सेवा शिविरों का भी जायजा लिया। उन्होंने शिविरों में श्रद्धालुओं के लिए उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं का निरीक्षण किया। इस दौरान पेयजल व्यवस्था, चिकित्सा सुविधा, विश्राम स्थल, साफ-सफाई और अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की स्थिति देखी गई।
उन्होंने शिविर संचालकों और संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। गर्मी और लंबी यात्रा को देखते हुए पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था होनी चाहिए। इसके अलावा स्वास्थ्य सेवाएं भी पूरी तरह सक्रिय रखी जाएं, ताकि जरूरत पड़ने पर कांवड़ियों को तत्काल चिकित्सा सहायता मिल सके।
एडीएम ने कांवड़ मार्ग पर स्थित होटल, ढाबों और भोजनालयों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, रसोई की साफ-सफाई, पीने के पानी की व्यवस्था और खाद्य सुरक्षा मानकों की जांच की। उन्होंने संचालकों को स्पष्ट निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं को केवल ताजा और गुणवत्तापूर्ण भोजन ही उपलब्ध कराया जाए।
उन्होंने कहा कि भोजन की गुणवत्ता या स्वच्छता में किसी भी तरह की लापरवाही मिलने पर संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। खाद्य सुरक्षा विभाग को भी लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं के स्वास्थ्य से किसी प्रकार का खिलवाड़ न हो।
निरीक्षण के दौरान एडीएम अनिरुद्ध प्रताप सिंह ने कहा कि कांवड़ यात्रा धार्मिक आस्था से जुड़ा बड़ा आयोजन है, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु जनपद से होकर गुजरते हैं। इसलिए सभी विभाग आपसी तालमेल के साथ काम करें और व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी करते रहें।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसी भी शिकायत या समस्या की सूचना मिलने पर तत्काल समाधान किया जाए। सफाई, बिजली, चिकित्सा, यातायात और सुरक्षा से जुड़े सभी विभाग चौबीसों घंटे सक्रिय रहकर अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करें।
इस दौरान उप जिलाधिकारी बुढ़ाना सहित पुलिस, प्रशासन और विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। सभी अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि कांवड़ यात्रा समाप्त होने तक नियमित रूप से क्षेत्र का निरीक्षण करते रहें और श्रद्धालुओं को सुरक्षित एवं सुविधाजनक यात्रा उपलब्ध कराने के लिए हर संभव कदम उठाएं।