Bulandshahr बुलंदशहर : भारतीय किसान यूनियन महाशक्ति ने सोमवार को बुलंदशहर नगर के बाईपास स्थित अपने राष्ट्रीय कार्यालय में संगठन का छठा स्थापना दिवस धूमधाम और गरिमापूर्ण माहौल में मनाया। कार्यक्रम में संगठन के पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और बड़ी संख्या में किसानों ने हिस्सा लिया। इस दौरान किसानों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की गई और किसान हितों की रक्षा के लिए संघर्ष को और मजबूत करने का संकल्प लिया गया।
स्थापना दिवस कार्यक्रम की शुरुआत संगठन के पदाधिकारियों द्वारा किसान हितों और संगठन के उद्देश्यों को याद करते हुए की गई। कार्यक्रम में मौजूद किसानों और कार्यकर्ताओं ने संगठन की अब तक की यात्रा पर चर्चा की और आने वाले समय में किसानों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाने की बात कही।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भारतीय किसान यूनियन महाशक्ति के राष्ट्रीय अध्यक्ष ठाकुर धर्मेंद्र सिंह ने कहा कि संगठन की स्थापना किसानों की आवाज को मजबूती देने और उनकी समस्याओं को शासन-प्रशासन तक प्रभावी तरीके से पहुंचाने के उद्देश्य से की गई थी। उन्होंने कहा कि पिछले छह वर्षों में संगठन ने किसानों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों को लेकर लगातार संघर्ष किया है और आगे भी किसानों के अधिकारों के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम करता रहेगा।
उन्होंने कहा कि किसान देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं, लेकिन आज भी कई किसान अपनी समस्याओं को लेकर संघर्ष कर रहे हैं। फसलों का उचित मूल्य, किसानों की आर्थिक स्थिति, कृषि से जुड़ी सुविधाएं और अन्य समस्याओं को लेकर संगठन लगातार आवाज उठाता रहा है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे गांव-गांव जाकर किसानों की समस्याओं को समझें और उनके समाधान के लिए हर संभव प्रयास करें।
राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि संगठन का उद्देश्य केवल समस्याओं को उठाना ही नहीं, बल्कि किसानों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना भी है। उन्होंने कहा कि किसानों की एकजुटता से ही उनकी आवाज को मजबूती मिलती है। संगठन भविष्य में भी किसानों के हितों से जुड़े मुद्दों पर सक्रिय भूमिका निभाता रहेगा।
कार्यक्रम में संगठन के अन्य पदाधिकारियों ने भी अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि भारतीय किसान यूनियन महाशक्ति ने कम समय में किसानों के बीच अपनी अलग पहचान बनाई है। संगठन ने किसानों की समस्याओं को लेकर कई आंदोलनों और कार्यक्रमों के माध्यम से अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में किसानों ने संगठन के साथ जुड़े रहने और किसान हितों के लिए मिलकर संघर्ष करने का संकल्प लिया। कार्यकर्ताओं ने कहा कि संगठन किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए हर स्तर पर प्रयास करेगा और जरूरत पड़ने पर आंदोलन का रास्ता भी अपनाएगा।
कार्यक्रम के दौरान संगठन की आगामी योजनाओं को लेकर भी चर्चा की गई। पदाधिकारियों ने बताया कि आने वाले समय में किसानों को जागरूक करने, उनकी समस्याओं को प्रशासन तक पहुंचाने और कृषि क्षेत्र से जुड़े मुद्दों पर काम करने के लिए विशेष अभियान चलाए जाएंगे।
छठे स्थापना दिवस के मौके पर भारतीय किसान यूनियन महाशक्ति ने अपनी उपलब्धियों को याद करते हुए भविष्य की रणनीति पर भी मंथन किया। संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि किसानों के हितों की रक्षा उनकी प्राथमिकता है और इसके लिए संघर्ष लगातार जारी रहेगा। कार्यक्रम का समापन संगठन की एकजुटता और किसान हितों के प्रति प्रतिबद्धता दोहराते हुए किया गया।