Lucknow लखनऊ: भगवा रंग को लेकर चल रही राजनीतिक बहस के बीच अखिल भारत हिंदू महासभा के राष्ट्रीय प्रवक्ता शिशिर चतुर्वेदी ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि भगवा रंग किसी राजनीतिक दल, समुदाय या धर्म विशेष का प्रतीक नहीं है, बल्कि यह भारतीय तिरंगे का हिस्सा है और इसका संबंध सूर्य के प्रकाश से है। लखनऊ में मीडिया से बातचीत के दौरान शिशिर चतुर्वेदी ने कहा कि धर्म के रंग को लेकर अलग-अलग लोगों की अलग-अलग धारणाएं हैं। कुछ लोग इसे हरा, कुछ भगवा और कुछ सफेद बताते हैं, लेकिन ये तीनों रंग भारत के राष्ट्रीय ध्वज में शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि तिरंगे में शामिल भगवा रंग को किसी राजनीतिक विचारधारा से जोड़ना गलत है। भगवा रंग सूर्य की रोशनी और त्याग, साहस तथा ऊर्जा का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि सूर्य की किरणें पूरी दुनिया में समान रूप से प्रकाश फैलाती हैं और भगवा रंग भी इसी भावना को दर्शाता है। शिशिर चतुर्वेदी ने कहा कि कुछ लोगों को भगवा रंग के इस्तेमाल से असहजता महसूस होती है, जिसके कारण इस तरह के बयान सामने आते हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी रंग को केवल किसी पार्टी या संगठन तक सीमित नहीं किया जाना चाहिए।
वहीं, एआईएमआईएम प्रवक्ता शादाब चौहान के कांवड़ यात्रा को लेकर दिए गए बयान पर भी शिशिर चतुर्वेदी ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश पुलिस और प्रशासन द्वारा कांवड़ यात्रा के दौरान यातायात व्यवस्था में बदलाव करना और श्रद्धालुओं पर पुष्प वर्षा करना किसी के लिए परेशानी का विषय नहीं होना चाहिए।
उन्होंने पूर्ववर्ती समाजवादी पार्टी सरकार पर भी निशाना साधा और आरोप लगाया कि अखिलेश यादव सरकार के समय कांवड़ यात्रा में डीजे पर रोक लगाई गई थी और धार्मिक आयोजनों को लेकर कई प्रतिबंध लगाए गए थे। शिशिर चतुर्वेदी ने कहा कि वर्तमान सरकार धार्मिक यात्राओं और आयोजनों के प्रति सकारात्मक रवैया अपना रही है। उन्होंने प्रशासन की व्यवस्थाओं का समर्थन करते हुए कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है।