महिला ट्रेनर की शिकायत पर पुलिस एक्शन, वैदिक पुत्री इंटर कॉलेज प्रबंधक गिरफ्तार
मुजफ्फरनगर : जनपद मुजफ्फरनगर के थाना नई मंडी क्षेत्र स्थित वैदिक पुत्री इंटर कॉलेज में आउटसोर्सिंग के माध्यम से चयनित महिला वोकेशनल ट्रेनर से जॉइनिंग के नाम पर अश्लील हरकत और शारीरिक संबंध बनाने का दबाव डालने का गंभीर मामला सामने आया है। पीड़िता की शिकायत के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कॉलेज प्रबंधक अरविंद कुमार गर्ग के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है।
इस घटना के सामने आने के बाद शिक्षा जगत में हड़कंप मच गया है। वहीं, कॉलेज प्रशासन की भूमिका भी सवालों के घेरे में आ गई है। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और पूरे प्रकरण से जुड़े तथ्यों को खंगाला जा रहा है।
जानकारी के अनुसार, माध्यमिक शिक्षा विभाग की ओर से दिसंबर 2025 में इंटर कॉलेजों में आउटसोर्सिंग के माध्यम से वोकेशनल ट्रेनरों की भर्ती प्रक्रिया शुरू की गई थी। इस प्रक्रिया के तहत चयनित अभ्यर्थियों को विभिन्न विद्यालयों में नियुक्ति दी जानी थी।
बताया गया कि प्रक्रिया पूरी होने के बाद 20 जुलाई 2026 को जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) कार्यालय की ओर से अनुसूचित वर्ग की महिला अभ्यर्थी शिल्पा (बदला हुआ नाम) को नियुक्ति पत्र जारी किया गया था। नियुक्ति पत्र मिलने के बाद वह अपनी जॉइनिंग कराने के लिए वैदिक पुत्री इंटर कॉलेज पहुंची थी।
पीड़िता का आरोप है कि जॉइनिंग प्रक्रिया के दौरान कॉलेज प्रबंधक अरविंद कुमार गर्ग ने उसके साथ आपत्तिजनक व्यवहार किया। आरोप है कि प्रबंधक ने जॉइनिंग के नाम पर अश्लील हरकत की और उस पर अनुचित दबाव बनाया। पीड़िता ने इस पूरे मामले की शिकायत पुलिस से की।
शिकायत मिलने के बाद थाना नई मंडी पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की। पीड़िता की लिखित तहरीर के आधार पर पुलिस ने आरोपी कॉलेज प्रबंधक के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 75 वर्षीय अरविंद कुमार गर्ग को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मामले की जांच जारी है और सभी संबंधित लोगों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि घटना के समय कॉलेज में कौन-कौन लोग मौजूद थे और क्या किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका भी इसमें रही है।
इस मामले में कॉलेज की प्रधानाचार्या और बाबू की भूमिका को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। पुलिस जांच के दौरान यदि किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जा सकती है।
घटना के बाद कॉलेज परिसर और शिक्षा विभाग में चर्चा का माहौल है। महिला सुरक्षा और कार्यस्थल पर सुरक्षित वातावरण को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि शिक्षण संस्थानों में काम करने वाली महिलाओं को सुरक्षित माहौल उपलब्ध कराना संस्थान की जिम्मेदारी है।
फिलहाल पुलिस ने आरोपी प्रबंधक को गिरफ्तार कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। वहीं, पीड़िता के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच आगे बढ़ाई जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर उचित कार्रवाई की जाएगी।