होर्मुज में टैंकर पर हमला, समुद्र में 35 KM तक फैला काला तेल....कई बीच सील!
छुट्टियां मनाने वालों को झटका, UAE के कई बीच बंद!
दुबई। मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के समुद्री तटों पर तेल रिसाव की खबर से चिंता बढ़ गई है। रिपोर्ट के मुताबिक, होर्मुज जलडमरूमध्य के पास एक तेल टैंकर पर हुए हमले के बाद समुद्र में बड़ी मात्रा में तेल फैल गया। इसका असर संयुक्त अरब अमीरात के एक प्रमुख पर्यटन क्षेत्र के समुद्र तटों पर पड़ने की खबर है। तेल प्रदूषण के कारण कुछ समुद्र तटों को पर्यटकों के लिए बंद किए जाने की जानकारी सामने आई है।
टैंकर पर हमले के बाद समुद्र में फैला तेल
मिली जानकारी के अनुसार, होर्मुज जलडमरूमध्य के नजदीक एक तेल टैंकर को निशाना बनाया गया। हमले के बाद समुद्र में तेल रिसाव की स्थिति पैदा होने की खबर है। समुद्री धाराओं और हवाओं के कारण तेल फैलने से आसपास के तटीय इलाकों के प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, टैंकर की पहचान, हमले की सटीक जगह और समुद्र में फैले तेल की मात्रा को लेकर आधिकारिक विवरण की पुष्टि होना बाकी है।
तीन अमीरात में समुद्र तट बंद
तेल रिसाव के बाद उम्म अल क्वैन के सभी समुद्र तटों और तटीय क्षेत्रों को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है। शारजाह के अल हमरिया बीच पर भी प्रतिबंध लगाया गया है। शनिवार, 24 अक्टूबर को रास अल खैमाह प्रशासन ने अपने सभी समुद्र तट अगले आदेश तक बंद रखने की घोषणा की।
सैटेलाइट तस्वीरों में दिखा 35 किलोमीटर तक तेल
सैटेलाइट तस्वीरों के विश्लेषण में समुद्र में तेल की परत 35 किलोमीटर से अधिक दूरी तक फैली दिखाई दी। समुद्री सुरक्षा विशेषज्ञों ने रिसाव का संभावित स्रोत जेम नंबर-2 नामक टैंकर बताया है, जो 9 अक्टूबर को एक अज्ञात प्रोजेक्टाइल की चपेट में आया था। हालांकि, यूएई अधिकारियों ने अभी आधिकारिक रूप से टैंकर की पहचान और रिसाव का कारण घोषित नहीं किया है।
सफाई अभियान तेज, मछुआरों को चेतावनी
यूएई के जलवायु परिवर्तन एवं पर्यावरण मंत्रालय ने तेल को फैलने से रोकने, समुद्र तटों की सफाई और पर्यावरणीय नुकसान का आकलन करने के लिए टीमें तैनात की हैं। शारजाह, अजमान और उम्म अल क्वैन में पेट्रोलियम जैसी तेज गंध महसूस की गई है। मंत्रालय के अनुसार, इस गंध से स्वास्थ्य को खतरा नहीं है। हालांकि, लोगों और मछुआरों को प्रभावित समुद्री क्षेत्रों से दूर रहने की सलाह दी गई है। समुद्र तटों को दोबारा खोलने की तारीख अभी घोषित नहीं हुई है।