TARGET IND-W vs ZIM-W: हरमनप्रीत की कप्तानी पारी, जिम्बाब्वे को 217 का लक्ष्य
IND-W vs ZIM-W: भारत और जिम्बाब्वे महिला क्रिकेट टीम के बीच तीसरे टी20 मुकाबले में भारतीय बल्लेबाजों ने धमाकेदार प्रदर्शन किया। कप्तान हरमनप्रीत कौर और सलामी बल्लेबाज शैफाली वर्मा की विस्फोटक पारियों के दम पर भारत ने निर्धारित 20 ओवर में 7 विकेट के नुकसान पर 216 रन बनाए। हरमनप्रीत 41 गेंदों में 91 रन बनाकर नाबाद रहीं, जबकि शैफाली ने 37 गेंदों में 69 रन की शानदार पारी खेली। दोनों बल्लेबाजों ने चौकों और छक्कों की बरसात करते हुए जिम्बाब्वे के गेंदबाजों पर लगातार दबाव बनाए रखा।
भारतीय टीम ने आखिरी पांच ओवरों में तेजी से रन बनाए और बड़ा स्कोर खड़ा किया। हालांकि, अंतिम ओवरों में कुछ विकेट भी गिरे, लेकिन हरमनप्रीत ने एक छोर संभाले रखा। भारत का 216/7 का स्कोर महिला टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उसका संयुक्त रूप से चौथा सबसे बड़ा टीम स्कोर है।
हरमनप्रीत कौर ने 41 गेंदों में ठोके 91 रन
भारतीय कप्तान हरमनप्रीत कौर ने अपनी शानदार बल्लेबाजी से मुकाबले का रुख भारत की ओर मोड़ दिया। उन्होंने 41 गेंदों का सामना करते हुए नाबाद 91 रन बनाए। उनकी पारी में आक्रामक शॉट्स और बेहतरीन टाइमिंग देखने को मिली। शुरुआत में संभलकर खेलने के बाद हरमनप्रीत ने बड़े शॉट लगाने शुरू किए और जिम्बाब्वे के गेंदबाजों को बैकफुट पर धकेल दिया।
हरमनप्रीत ने 25 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया। इसके बाद उन्होंने रन गति और तेज कर दी। 13वें ओवर में कुडजाई चिगोरा के खिलाफ उन्होंने चौका और छक्का लगाया। 14वें ओवर में भी हरमनप्रीत ने चौके-छक्के जड़े। इसके बाद 16वें ओवर में बेलव्ड बिजा की गेंद पर 89 मीटर लंबा छक्का लगाकर उन्होंने अपनी ताकत का प्रदर्शन किया।
17वें ओवर में हरमनप्रीत ने तेंदाई मकुशा की गेंदों पर लगातार दो चौके लगाए। 18वें ओवर में छक्का और तीन रन लेकर उन्होंने स्कोर आगे बढ़ाया। अंतिम ओवरों में विकेट गिरने के बावजूद उनका आक्रामक अंदाज जारी रहा। 20वें ओवर में भी उन्होंने एक चौका लगाया और पारी का अंत 91 रन पर नाबाद रहते हुए किया।
हरमनप्रीत का यह स्कोर महिला टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में भारत के लिए चौथे या उससे निचले क्रम पर बल्लेबाजी करते हुए दूसरा सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर है। इस सूची में शीर्ष स्थान भी हरमनप्रीत के नाम है। उन्होंने 2018 महिला टी20 विश्व कप के दौरान न्यूजीलैंड के खिलाफ प्रोविडेंस में 103 रन की पारी खेली थी।
शैफाली वर्मा ने 69 रन बनाकर मचाया धमाल
शैफाली वर्मा ने भारत को तेज शुरुआत दिलाई। उन्होंने शुरुआत से ही आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए जिम्बाब्वे के गेंदबाजों पर दबाव बनाया। शैफाली ने 37 गेंदों में 69 रन बनाए, जिसमें छह चौके और पांच छक्के शामिल रहे। उन्होंने महज 26-27 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया और हरमनप्रीत के साथ मिलकर भारतीय पारी को मजबूत स्थिति में पहुंचाया।
शैफाली ने 2026 में महिला टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में छक्के लगाने के मामले में भी बड़ी उपलब्धि हासिल की है। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, उन्होंने इस कैलेंडर वर्ष में टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में 47 छक्के लगाए हैं, जो महिला क्रिकेट में एक कैलेंडर वर्ष का सर्वाधिक आंकड़ा है। इस सूची में श्रीलंका की चमारी अटापट्टू 2024 में लगाए गए 32 छक्कों के साथ दूसरे स्थान पर हैं।
महिला टी20 क्रिकेट के सभी मुकाबलों को मिलाकर एक कैलेंडर वर्ष में सर्वाधिक छक्के लगाने का रिकॉर्ड न्यूजीलैंड की सोफी डिवाइन के नाम है। उन्होंने 2018 में 67 छक्के लगाए थे। शैफाली के 2026 में लगाए गए 52 छक्के इस सूची में भी उन्हें शीर्ष खिलाड़ियों में शामिल करते हैं।
शैफाली की पारी का अंत 14.4 ओवर में हुआ। बेलव्ड बिजा की गेंद पर बड़ा शॉट खेलने की कोशिश में वह लॉन्ग-ऑन पर तेंदाई मकुशा के हाथों कैच आउट हो गईं।
भारत के सबसे बड़े टी20 स्कोर में शामिल हुआ 216 रन
भारत का 216/7 का स्कोर महिला टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उसके सबसे बड़े टीम स्कोरों में शामिल हो गया है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, भारत का सर्वोच्च स्कोर 221/2 है, जो उसने 2025 में तिरुवनंतपुरम में श्रीलंका के खिलाफ बनाया था। इसके बाद 2024 में वेस्टइंडीज के खिलाफ मुंबई में 217/4 का स्कोर आया था।
भारत ने 2026 में श्रीलंका के खिलाफ निस्शिन में 216/3 रन भी बनाए थे। अब जिम्बाब्वे के खिलाफ 216/7 का स्कोर इस सूची में शामिल हो गया है। भारतीय बल्लेबाजों की आक्रामक बल्लेबाजी ने एक बार फिर टीम की मजबूत बैटिंग लाइनअप को दिखाया।
मध्यक्रम के विकेट गिरे, लेकिन रन गति नहीं थमी
शैफाली के आउट होने के बाद भारतीय टीम ने कुछ विकेट जल्दी गंवाए। रिचा घोष एक रन बनाकर आउट हुईं, जबकि दीप्ति शर्मा तीन गेंदों में खाता खोले बिना पवेलियन लौट गईं। अरुंधति रेड्डी ने दो गेंदों में चार रन बनाए, लेकिन वह भी कैच आउट हो गईं। इसके बाद प्रेमा रावत ने चौका लगाया, मगर दूसरे रन के लिए दौड़ते समय रन आउट हो गईं।
जिम्बाब्वे की ओर से बेलव्ड बिजा सबसे सफल गेंदबाज रहीं। उन्होंने चार ओवर में 50 रन देकर तीन विकेट हासिल किए। तेंदाई मकुशा ने एक विकेट लिया और प्रेमा रावत को रन आउट करने में भी अहम भूमिका निभाई।
जिम्बाब्वे के सामने बड़ी चुनौती
भारत ने 20 ओवर में 216/7 रन बनाकर जिम्बाब्वे के सामने 217 रन का लक्ष्य रखा। शैफाली वर्मा की तेज शुरुआत और हरमनप्रीत कौर की नाबाद 91 रनों की पारी भारतीय पारी की सबसे बड़ी खासियत रही। अब जिम्बाब्वे की टीम को मुकाबले में बने रहने के लिए तेज रन गति से बल्लेबाजी करनी होगी। भारतीय गेंदबाजों के सामने लक्ष्य का बचाव करने और टीम को जीत दिलाने की चुनौती होगी।