IND-W vs ZIM-W: भारत के विशाल लक्ष्य से दूर जिम्बाब्वे, 10 ओवर में 62 रन
रायपुर: भारत और जिम्बाब्वे की महिला क्रिकेट टीमों के बीच तीसरे टी20 मुकाबले में भारतीय टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में सात विकेट के नुकसान पर 216 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। कप्तान हरमनप्रीत कौर ने नाबाद 91 रन की शानदार पारी खेली, जबकि शेफाली वर्मा ने 69 रन बनाकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया। जवाब में लक्ष्य का पीछा कर रही जिम्बाब्वे की टीम ने 10 ओवर के बाद दो विकेट खोकर 62 रन बना लिए थे। भारत की ओर से क्रांति गौड़ और नंदनी शर्मा ने एक-एक विकेट हासिल किया।
जिम्बाब्वे को जीत के लिए 217 रन बनाने हैं, लेकिन शुरुआती दो विकेट गंवाने के बाद उसकी बल्लेबाजी पर दबाव बना हुआ है। हालांकि, शार्ने मेयर्स और बेलव्ड बिजा ने पारी को संभालने की कोशिश की और तीसरे विकेट के लिए साझेदारी करते हुए टीम को आगे बढ़ाया।
क्रांति गौड़ ने पहली गेंद पर दिलाई सफलता
217 रन के बड़े लक्ष्य का पीछा करने उतरी जिम्बाब्वे की शुरुआत खराब रही। भारतीय तेज गेंदबाज क्रांति गौड़ ने पारी की पहली ही गेंद पर केलीस न्दलोवु को आउट कर दिया। न्दलोवु बिना खाता खोले निकी प्रसाद को कैच थमा बैठीं। इस विकेट से भारतीय टीम को शुरुआती बढ़त मिली।
इसके बाद गेंदबाजी करने आईं नंदनी शर्मा ने भी प्रभाव छोड़ा। दूसरे ओवर की तीसरी गेंद पर मोडेस्टर मुपाचिकवा विकेट के पीछे ऋचा घोष को कैच दे बैठीं। शुरुआत में अंपायर ने उन्हें आउट नहीं दिया था, लेकिन भारत ने रिव्यू लिया। अल्ट्रा एज में गेंद के बल्ले से लगने का संकेत मिलने के बाद फैसला भारत के पक्ष में बदल गया। मुपाचिकवा चार गेंदों में एक रन बनाकर पवेलियन लौट गईं।
इस तरह जिम्बाब्वे ने शुरुआती दो विकेट जल्दी गंवा दिए और भारतीय गेंदबाजों को मैच पर पकड़ बनाने का मौका मिला।
मेयर्स और बिजा ने संभाली पारी
शुरुआती झटकों के बाद शार्ने मेयर्स और बेलव्ड बिजा ने जिम्मेदारी संभाली। दोनों ने संभलकर बल्लेबाजी करते हुए विकेट बचाने के साथ बीच-बीच में बाउंड्री भी लगाईं। मेयर्स ने नंदनी शर्मा की गेंद पर शानदार चौका जड़ा। इसके बाद उन्होंने अरुंधति रेड्डी की गेंद पर छक्का और चौका लगाकर रन गति बढ़ाने की कोशिश की।
सातवें ओवर में मेयर्स ने प्रेमा रावत की गेंद को लॉन्ग ऑफ के ऊपर से छक्के के लिए भेजा। इस शॉट से जिम्बाब्वे को जरूरी रन मिले। बिजा ने भी स्ट्राइक रोटेट करते हुए उनका साथ दिया। दोनों के बीच 50 रन की साझेदारी पूरी हुई, जिसने जिम्बाब्वे की पारी को कुछ स्थिरता दी।
आठवें ओवर में मेयर्स ने अरुंधति रेड्डी की गेंद पर छक्का और चौका लगाया। हालांकि, भारतीय गेंदबाजों ने इसके बाद रन गति को नियंत्रित करने की कोशिश की। नौवें ओवर में क्रांति गौड़ ने केवल तीन रन दिए, जबकि दसवें ओवर में दीप्ति शर्मा की गेंदबाजी पर भी जिम्बाब्वे को पांच रन ही मिले।
10 ओवर पूरे होने तक जिम्बाब्वे का स्कोर 62 रन पर दो विकेट था। मेयर्स 33 गेंदों में 38 रन बनाकर खेल रही थीं, जबकि बिजा 22 गेंदों में 16 रन पर थीं।
हरमनप्रीत कौर ने खेली कप्तानी पारी
इससे पहले भारतीय पारी में कप्तान हरमनप्रीत कौर ने शानदार बल्लेबाजी की। उन्होंने 41 गेंदों पर नाबाद 91 रन बनाए। उनकी पारी ने भारत को बड़े स्कोर तक पहुंचाने में अहम योगदान दिया। हरमनप्रीत ने मैदान पर खुलकर बल्लेबाजी की और आखिरी तक क्रीज पर डटी रहीं।
पारी के बाद बातचीत में हरमनप्रीत ने कहा कि वह बल्लेबाजी का आनंद लेना चाहती थीं और ज्यादा से ज्यादा समय क्रीज पर बिताना चाहती थीं। उन्होंने नेट्स में तैयारी के लिए हिमांशु भैया को श्रेय दिया और पूर्व कोच डब्ल्यूवी रमन की सलाह का भी उल्लेख किया। इंटरव्यू के आखिरी हिस्से में वह भावुक नजर आईं, लेकिन इसकी वजह स्पष्ट नहीं हुई।
शेफाली वर्मा ने बनाए 69 रन
शेफाली वर्मा ने 37 गेंदों में 69 रन की आक्रामक पारी खेली। उन्होंने छह चौके और पांच छक्के लगाए। इस प्रदर्शन के साथ शेफाली ने 2026 में महिला टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में अपने छक्कों की संख्या 47 तक पहुंचा दी। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, महिला टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में किसी एक कैलेंडर वर्ष में यह सबसे ज्यादा छक्के हैं।
भारत ने अपनी पारी में कुल 11 छक्के लगाए। महिला टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में यह किसी एक पारी में लगाए गए छक्कों की संयुक्त रूप से तीसरी सबसे बड़ी संख्या में शामिल है। भारत का 216/7 का स्कोर भी उसके सर्वाधिक टी20 अंतरराष्ट्रीय टीम स्कोरों में शामिल हो गया है।
कैलेंडर वर्ष 2026 में भारतीय महिला टीम के छक्कों की संख्या 128 हो गई है, जो महिला टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में किसी टीम का एक साल का सबसे बड़ा आंकड़ा है।
भारत की नजर जीत पर
भारत ने 216 रन बनाकर जिम्बाब्वे के सामने कठिन लक्ष्य रखा है। जिम्बाब्वे ने शुरुआती दो विकेट गंवाने के बावजूद मेयर्स और बिजा की साझेदारी के दम पर पारी को आगे बढ़ाया। हालांकि, 10 ओवर में 62 रन के स्कोर से टीम को जीत के लिए बाकी 10 ओवर में तेजी से रन बनाने होंगे और अपने विकेट भी बचाने होंगे।
भारतीय टीम की कोशिश होगी कि वह इस साझेदारी को तोड़कर जिम्बाब्वे पर दबाव बढ़ाए। फिलहाल उपलब्ध स्कोर के अनुसार मुकाबला जारी है और अंतिम परिणाम का इंतजार है।