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Global तनाव के बीच सोना-चांदी सस्ता, जानें बाजार का ताजा हाल

Ratna Netam
11 July 2026 3:31 PM IST
Global   तनाव के बीच सोना-चांदी सस्ता, जानें बाजार का ताजा हाल
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New Delhi नई दिल्ली : वैश्विक स्तर पर बदलते हालातों और बाजार में उतार-चढ़ाव के बीच इस सप्ताह सोने और चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट देखने को मिली है। सुरक्षित निवेश माने जाने वाले कीमती धातुओं के दाम में कमी आने से खरीदारों को राहत मिली है। इंडिया बुलियन ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार, इस सप्ताह सोने की कीमत में करीब 2,900 रुपये और चांदी में 13,000 रुपये से अधिक की गिरावट दर्ज की गई है।

IBJA के मुताबिक, 24 कैरेट सोने का भाव इस सप्ताह 2,976 रुपये घटकर 1,43,368 रुपये प्रति 10 ग्राम रह गया है। इससे पहले इसकी कीमत 1,46,344 रुपये प्रति 10 ग्राम थी। वहीं, 22 कैरेट सोने का दाम घटकर 1,31,325 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गया है, जो पहले 1,34,051 रुपये प्रति 10 ग्राम था।

इसी तरह 18 कैरेट सोने की कीमत भी कम होकर 1,07,526 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गई है। पिछले सप्ताह इसका भाव 1,09,758 रुपये प्रति 10 ग्राम था। इस सप्ताह सोने का सबसे निचला स्तर 8 जुलाई को शाम के सत्र में 1,42,350 रुपये प्रति 10 ग्राम दर्ज किया गया, जबकि सबसे ऊंचा भाव 6 जुलाई की सुबह 1,45,583 रुपये प्रति 10 ग्राम रहा।

चांदी में भी बड़ी गिरावट

सोने के साथ-साथ चांदी की कीमतों में भी भारी गिरावट देखने को मिली है। IBJA के अनुसार, चांदी का भाव इस सप्ताह 13,468 रुपये घटकर 2,20,390 रुपये प्रति किलोग्राम रह गया है। इससे पहले चांदी 2,33,858 रुपये प्रति किलोग्राम के स्तर पर थी।

इस सप्ताह चांदी का सबसे ऊंचा भाव 6 जुलाई को शाम के सत्र में 2,33,158 रुपये प्रति किलोग्राम दर्ज किया गया था। वहीं, सबसे कम कीमत 10 जुलाई को शाम के सत्र में 2,20,390 रुपये प्रति किलोग्राम रही।

IBJA की ओर से सोने और चांदी की कीमतें रोजाना दो बार जारी की जाती हैं। इसमें सुबह और शाम के सत्र के भाव शामिल होते हैं। अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सोने और चांदी की कीमतों में नरमी देखी गई है। वैश्विक बाजार में सोने का भाव करीब 4,100 डॉलर प्रति औंस और चांदी का भाव 60 डॉलर प्रति औंस के आसपास पहुंच गया है।

अमेरिका-ईरान तनाव का असर

विशेषज्ञों के अनुसार, सोने और चांदी की कीमतों में आई गिरावट के पीछे सबसे बड़ी वजह अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ता तनाव माना जा रहा है। हाल के दिनों में दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ने से अंतरराष्ट्रीय बाजार में निवेशकों की रणनीति बदली है।

रिपोर्ट के मुताबिक, होर्मुज क्षेत्र में वाणिज्यिक जहाजों से जुड़े घटनाक्रमों और इसके बाद दोनों देशों की ओर से उठाए गए कदमों के कारण भू-राजनीतिक तनाव बढ़ा है। ऐसे हालातों में निवेशक अक्सर सुरक्षित विकल्पों की ओर रुख करते हैं, लेकिन इस बार बाजार में मुनाफावसूली और अन्य आर्थिक संकेतकों के चलते सोने-चांदी पर दबाव देखने को मिला।

विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में भी सोने और चांदी की कीमतों पर वैश्विक घटनाक्रम, अमेरिकी नीतियां, ब्याज दरों की स्थिति और डॉलर की मजबूती का असर देखने को मिल सकता है। हालांकि, लंबी अवधि के निवेशकों के लिए कीमती धातुएं अब भी महत्वपूर्ण विकल्प बनी हुई हैं।

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