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DA Hike से पहले सरकारी कर्मचारियों को राहत: चालू तिमाही के लिए GPF ब्याज दरों का हुआ ऐलान

Saba Naaz
24 July 2026 7:05 PM IST
DA Hike से पहले सरकारी कर्मचारियों को राहत: चालू तिमाही के लिए GPF ब्याज दरों का हुआ ऐलान
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नई दिल्ली: केंद्रीय कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ते (DA) में बढ़ोतरी की बहुप्रतीक्षित घोषणा से पहले केंद्र सरकार ने एक और बड़ी और राहत भरी खबर दी है। वित्त मंत्रालय ने चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 की दूसरी तिमाही (जुलाई से सितंबर 2026) के लिए जनरल प्रोविडेंट फंड (GPF) और उससे जुड़े अन्य प्रोविडेंट फंड्स की ब्याज दरों का औपचारिक ऐलान कर दिया है। सरकार ने इस तिमाही के लिए ब्याज दर को 7.1 प्रतिशत पर ही स्थिर (यथावत) रखने का फैसला किया है।

वित्त मंत्रालय के आर्थिक मामलों के विभाग (बजट डिवीजन) द्वारा जारी आधिकारिक बयान के अनुसार, यह नई दर 1 जुलाई 2026 से प्रभावी मानी जाएगी और 30 सितंबर 2026 तक लागू रहेगी। गौरतलब है कि पुरानी पेंशन योजना (OPS) के तहत आने वाले सरकारी कर्मचारियों का वेतन से GPF काटा जाता है, जिस पर सरकार तिमाही आधार पर ब्याज दरों की समीक्षा करती है। अप्रैल-जून 2026 की पिछली तिमाही में भी कर्मचारियों को 7.1% की दर से ही ब्याज दिया गया था।

इन प्रमुख फंड्स पर लागू होगी नई दर

वित्त मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि 7.1 प्रतिशत की यह ब्याज दर केवल केंद्रीय सेवाओं के GPF तक ही सीमित नहीं रहेगी, बल्कि सरकारी संस्थानों द्वारा संचालित विभिन्न अन्य प्रोविडेंट फंड्स पर भी समान रूप से लागू होगी। इनमें मुख्य रूप से शामिल हैं:

जनरल प्रोविडेंट फंड (सेंट्रल सर्विसेज)

कंट्रीब्यूटरी प्रोविडेंट फंड (CPF)

ऑल इंडिया सर्विसेज प्रोविडेंट फंड

स्टेट रेलवे प्रोविडेंट फंड

डिफेंस सर्विसेज, आर्म्ड फोर्सेज और इंडियन ऑर्डनेंस फैक्ट्री प्रोविडेंट फंड्स

EPF और स्मॉल सेविंग स्कीम्स की स्थिति

सरकारी कर्मचारियों के GPF की तुलना यदि निजी क्षेत्र के कर्मचारियों के एम्प्लॉइज प्रोविडेंट फंड (EPFO) से करें, तो ईपीएफ पर वित्त वर्ष 2025-26 के लिए 8.25 प्रतिशत वार्षिक ब्याज मिल रहा है। ईपीएफ की ब्याज दरों का निर्धारण सालाना आधार पर किया जाता है। दूसरी ओर, केंद्र सरकार ने इससे पहले 30 जून को पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF) और सुकन्या समृद्धि योजना (SSY) जैसी छोटी बचत योजनाओं (Small Savings Schemes) की ब्याज दरों की समीक्षा की थी, जिनमें भी चालू तिमाही के लिए कोई बदलाव नहीं किया गया था। वर्तमान में PPF पर 7.1% और सुकन्या समृद्धि योजना पर 8.2% की दर से ब्याज दिया जा रहा है।

जनरल प्रोविडेंट फंड केवल सरकारी कर्मचारियों को मिलने वाली एक सुरक्षित बचत योजना है, जिसमें कर्मचारी अपनी मासिक सैलरी का एक निश्चित हिस्सा जमा करते हैं। सेवाकाल के दौरान जमा हुई यह पूरी धनराशि सेवानिवृत्ति (रिटायरमेंट) के समय कर्मचारियों को ब्याज सहित दे दी जाती है। सरकार द्वारा ब्याज दरें 7.1% पर स्थिर रखने के फैसले से लाखों केंद्रीय कर्मचारियों और सशस्त्र बलों के जवानों को निश्चित रिटर्न का लाभ मिलता रहेगा।

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