
मुंबई। भारतीय शेयर बाजार में गुरुवार को लगातार दूसरे कारोबारी सत्र में तेजी देखने को मिली। ब्लू-चिप कंपनियों के शेयरों में अंतिम दौर में हुई खरीदारी, विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) की ओर से जारी निवेश और कंपनियों के बेहतर तिमाही नतीजों के चलते घरेलू बाजार मजबूती के साथ बंद हुए।
गुरुवार के कारोबार में 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 273.55 अंक यानी 0.35 प्रतिशत की बढ़त के साथ 77,928.15 अंक पर बंद हुआ। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी 66.95 अंक यानी 0.28 प्रतिशत चढ़कर 24,317.15 के स्तर पर बंद हुआ।
अंतिम घंटे में खरीदारी से बाजार को मिला सहारा
कारोबार के शुरुआती हिस्से में बाजार में उतार-चढ़ाव देखने को मिला, लेकिन सत्र के अंतिम चरण में प्रमुख कंपनियों के शेयरों में खरीदारी बढ़ी। निवेशकों ने मजबूत बुनियादी स्थिति वाली कंपनियों के शेयरों में रुचि दिखाई, जिससे प्रमुख सूचकांक बढ़त के साथ बंद होने में सफल रहे।
विशेषज्ञों के अनुसार, बाजार में निवेशकों का भरोसा बना हुआ है और घरेलू कंपनियों के तिमाही प्रदर्शन ने भी धारणा को मजबूत किया है।
सेंसेक्स के प्रमुख शेयरों में रही हलचल
सेंसेक्स में शामिल कई बड़ी कंपनियों के शेयरों में खरीदारी देखी गई। बैंकिंग, वित्तीय सेवाओं और कुछ प्रमुख औद्योगिक कंपनियों के शेयरों ने बाजार को सहारा दिया।
हालांकि, कुछ क्षेत्रों में बिकवाली का दबाव भी रहा, जिससे बाजार की तेजी सीमित रही। इसके बावजूद प्रमुख सूचकांक दिन के अंत में सकारात्मक दायरे में बंद हुए।
विदेशी निवेशकों की भूमिका अहम
बाजार में तेजी के पीछे विदेशी संस्थागत निवेशकों की गतिविधियां भी महत्वपूर्ण रहीं। विदेशी निवेशकों की ओर से भारतीय शेयरों में जारी निवेश ने बाजार की धारणा को मजबूती दी है।
इसके अलावा, घरेलू संस्थागत निवेशकों और खुदरा निवेशकों की भागीदारी ने भी बाजार को स्थिर बनाए रखने में मदद की।
कंपनियों के नतीजों का असर
मौजूदा कारोबारी सत्र में कंपनियों के तिमाही नतीजों का असर भी देखने को मिला। जिन कंपनियों के प्रदर्शन में सुधार रहा, उनके शेयरों में निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ी।
बेहतर आय, मजबूत बिक्री और भविष्य की विकास संभावनाओं को देखते हुए कई शेयरों में खरीदारी का रुझान रहा।
वैश्विक संकेतों पर भी नजर
भारतीय बाजार की दिशा तय करने में वैश्विक बाजारों के रुख की भी अहम भूमिका रहती है। निवेशक अंतरराष्ट्रीय बाजारों की गतिविधियों, कच्चे तेल की कीमतों और वैश्विक आर्थिक संकेतकों पर नजर बनाए हुए हैं।
वैश्विक स्तर पर अनिश्चितताओं के बावजूद भारतीय बाजार में निवेशकों का भरोसा कायम दिखाई दे रहा है।
निवेशकों के लिए सकारात्मक संकेत
लगातार दूसरे दिन बाजार में तेजी को निवेशकों के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है। हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि बाजार में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है और निवेशकों को कंपनियों के प्रदर्शन तथा आर्थिक संकेतकों को ध्यान में रखकर फैसले लेने चाहिए।
बाजार विश्लेषकों के मुताबिक, आने वाले सत्रों में घरेलू और वैश्विक घटनाक्रमों का असर शेयर बाजार की दिशा पर पड़ सकता है।
आगे बाजार की चाल पर रहेगी नजर
गुरुवार की बढ़त के बाद अब निवेशकों की नजर अगले कारोबारी सत्रों पर रहेगी। बाजार में कंपनियों के आगामी नतीजे, विदेशी निवेश का रुख और आर्थिक आंकड़े आगे की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
फिलहाल सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ने लगातार दूसरे दिन मजबूती दिखाई है, जिससे बाजार में सकारात्मक माहौल बना हुआ है।





