
New Delhi नई दिल्ली : बॉलीवुड में जहां कई फिल्ममेकर्स मुश्किल सीन के लिए VFX का सहारा लेते हैं, वहीं हॉलीवुड के दिग्गज निर्देशक क्रिस्टोफर नोलन अपनी प्रैक्टिकल फिल्ममेकिंग शैली के लिए जाने जाते हैं। नोलन अक्सर वास्तविक लोकेशंस और असली सेट्स का इस्तेमाल करने पर जोर देते हैं, ताकि फिल्मों में ज्यादा यथार्थता दिखाई दे।
ऑस्कर विजेता ब्रिटिश-अमेरिकन फिल्ममेकर क्रिस्टोफर नोलन ने ‘द डार्क नाइट’ और ‘ओपेनहाइमर’ जैसी कई चर्चित फिल्मों का निर्देशन किया है, जिन्हें दुनिया भर में सराहा गया है। उनकी फिल्मों को बेहतरीन कहानी और विजुअल रियलिज्म के लिए जाना जाता है।
नोलन की फिल्ममेकिंग से जुड़ा एक दिलचस्प किस्सा काफी मशहूर है। बताया जाता है कि उनकी एक फिल्म के लिए उन्होंने लगभग 500 एकड़ जमीन पर असली मक्का (कॉर्न) की खेती करवाई थी। इसका उद्देश्य था कि फिल्म के दृश्यों को पूरी तरह वास्तविक और प्राकृतिक दिखाया जा सके, ताकि किसी तरह का नकली प्रभाव नजर न आए।
इस फैसले ने न सिर्फ फिल्म की शूटिंग को खास बना दिया, बल्कि यह भी दिखाया कि नोलन अपनी फिल्मों में कितनी गहराई और डिटेलिंग पर ध्यान देते हैं। उनके इस तरह के प्रयोगों ने उन्हें दुनिया के सबसे इनोवेटिव फिल्ममेकर्स में शामिल कर दिया है।फिल्म इंडस्ट्री में नोलन की यह शैली आज भी प्रेरणा का स्रोत मानी जाती है, जहां तकनीक से ज्यादा असली अनुभव को प्राथमिकता दी जाती है।





