छत्तीसगढ़

शराब के नशे में बाइक चलाने पर वाहन जब्त, बहनों ने ट्रैफिक थाने में किया हंगामा

Shantanu Roy
6 Oct 2026 10:46 PM IST
शराब के नशे में बाइक चलाने पर वाहन जब्त, बहनों ने ट्रैफिक थाने में किया हंगामा
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Bilaspur. बिलासपुर। शहर में शराब के नशे में बाइक चलाने के आरोप में ट्रैफिक पुलिस ने एक युवक की बाइक जब्त कर ली। पुलिस के अनुसार ब्रेथ एनालाइजर से जांच करने पर युवक की रीडिंग करीब 130 के आसपास आई थी। इसके बाद मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत कार्रवाई करते हुए वाहन जब्त कर लिया गया। मामले के अगले दिन युवक की दो बहनें एक छोटे बच्चे के साथ ट्रैफिक थाना पहुंचीं और बाइक छोड़ने की मांग को लेकर गेट के सामने हंगामा किया। घटना सिविल लाइन थाना क्षेत्र की है। ट्रैफिक पुलिस के मुताबिक करीब तीन से चार दिन पहले युवक को बाइक चलाते हुए रोका गया था। पुलिस का कहना है कि युवक शराब के नशे में वाहन चला रहा था। ब्रेथ एनालाइजर से जांच के दौरान करीब 130 के आसपास रीडिंग दर्ज हुई, जिसके बाद नियमानुसार बाइक जब्त कर ली गई।
पुलिस ने युवक के खिलाफ मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत कार्रवाई की। ट्रैफिक पुलिस के अनुसार इस धारा में जब्त वाहन को सीधे थाने से नहीं छोड़ा जा सकता। वाहन को कोर्ट में जुर्माना जमा करने और आवश्यक न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही रिलीज किया जाता है। इसी बीच सोमवार को युवक की दोनों बहनें एक छोटे बच्चे को लेकर ट्रैफिक थाना पहुंचीं। महिलाओं ने पुलिसकर्मियों से बाइक वापस देने की गुहार लगाई। उनका कहना था कि बाइक घर के रोजमर्रा के काम में इस्तेमाल होती है और उसके नहीं मिलने से परिवार को काफी परेशानी हो रही है।
दोनों महिलाएं काफी देर तक रोती-बिलखती रहीं और बार-बार कहती रहीं कि “साहब, गाड़ी दे दो, घर में काम है।” पुलिसकर्मियों ने उन्हें नियमों के बारे में समझाने की कोशिश की, लेकिन बाइक छोड़ने की मांग को लेकर बहस की स्थिति बन गई। महिलाओं ने आरोप लगाया कि उनके भाई के खिलाफ गलत तरीके से कार्रवाई की गई है। उनका कहना था कि जिस तरह पुलिस शराब के नशे में बाइक चलाने का मामला बता रही है, वास्तविक स्थिति वैसी नहीं थी। युवक ने भी पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए।
युवक का कहना है कि वह ठेले के पास खड़े होकर फल्ली खा रहा था, तभी पुलिस ने उसकी बाइक जब्त कर ली। उसने पुलिस पर पैसे मांगने का भी आरोप लगाया। हालांकि ट्रैफिक पुलिस ने इन आरोपों को पूरी तरह गलत बताया है। पुलिस का कहना है कि युवक को शराब के नशे में बाइक चलाते हुए पकड़ा गया था और ब्रेथ एनालाइजर से जांच के बाद ही उसके खिलाफ कार्रवाई की गई। पुलिस ने दावा किया कि पूरी कार्रवाई नियमानुसार की गई है।
ट्रैफिक थाने में मामला बढ़ने के बाद सिविल लाइन थाने से महिला पुलिस बल बुलाया गया। महिला पुलिसकर्मियों ने दोनों महिलाओं को समझाया और उन्हें बताया कि धारा 185 के तहत जब्त वाहन को थाना स्तर से छोड़ा नहीं जा सकता। महिला पुलिसकर्मियों ने दोनों को न्यायालय जाने और वहां जुर्माना जमा करने सहित निर्धारित प्रक्रिया पूरी करने की जानकारी दी। समझाइश के बाद दोनों महिलाएं थाने से चली गईं और मामला शांत हुआ।
मामले में ट्रैफिक एएसपी रामगोपाल करियारे ने कहा कि बाइक चालक को शराब के नशे में वाहन चलाते हुए पकड़ा गया था। ब्रेथ एनालाइजर जांच के आधार पर मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत नियमानुसार वाहन जब्त किया गया। फिलहाल बाइक पुलिस की जब्ती में है। इसे कोर्ट की प्रक्रिया पूरी होने और नियमानुसार जुर्माना जमा किए जाने के बाद ही छोड़ा जाएगा। दूसरी ओर युवक और उसके परिवार ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। मामले में दोनों पक्षों के अलग-अलग दावे सामने आए हैं।
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