हिमाचल प्रदेश

सुरक्षा और सशक्तीकरण के लिए छात्राओं को आत्मरक्षा की सीख

Admindelhi1
17 Oct 2026 10:52 AM IST
सुरक्षा और सशक्तीकरण के लिए छात्राओं को आत्मरक्षा की सीख
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आत्मनिर्भरता की राह पर छात्राएं, आत्मरक्षा के गुर सीखने पर जोर

हरिद्वार: एसएमजेएन पीजी कॉलेज में शुक्रवार को अस्मिता फाउंडेशन और महाविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में छात्राओं के लिए आत्मरक्षा कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें छात्राओं को आत्मरक्षा के गुर सिखाने के साथ आत्मविश्वास बढ़ाने और विपरीत परिस्थितियों में सतर्क रहकर निर्णय लेने के लिए प्रेरित किया गया।

प्रशिक्षक अमन राजपूत ने कहा कि व्यक्तिगत सुरक्षा के लिए शारीरिक कौशल के साथ मानसिक सजगता और आत्मविश्वास भी जरूरी है। प्रशिक्षण से छात्राएं असुरक्षित परिस्थितियों को पहचान कर उनसे बच सकती हैं और जरूरत पर प्रभावी प्रतिक्रिया दे सकती हैं।

युवा प्रशिक्षक नैना चौहान ने कहा कि विपरीत परिस्थितियां बताकर नहीं आतीं, इसलिए हर छात्रा को आत्मरक्षा की जानकारी होनी चाहिए। यह प्रशिक्षण आत्मनिर्भरता और व्यक्तित्व विकास में अहम भूमिका निभाता है।

प्राचार्य प्रो. डॉ. सुनील कुमार बत्रा ने कहा कि छात्राओं की सुरक्षा, आत्मनिर्भरता और सशक्तीकरण ही प्रगतिशील समाज की नींव है। शिक्षा का उद्देश्य किताबी ज्ञान के साथ जीवन की चुनौतियों का सामना करने में सक्षम बनाना भी है। छात्राओं को अपने अधिकारों और सहायता प्रणालियों की जानकारी रखनी चाहिए।

अधिष्ठाता छात्र कल्याण डॉ. संजय माहेश्वरी ने कहा कि शिक्षा के साथ आत्मरक्षा, आत्मविश्वास और स्वतंत्र निर्णय के अवसर मिलने पर ही वास्तविक सशक्तीकरण संभव है। अस्मिता फाउंडेशन की सचिव मानसी मिश्रा ने कहा कि आत्मरक्षा केवल शारीरिक तकनीक नहीं, बल्कि जागरूकता, सतर्कता और समय पर सही निर्णय भी है। असहज स्थिति में परिवार, शिक्षकों और अधिकारियों से मदद लेने में संकोच न करें।

कार्यक्रम में डॉ. विजय शर्मा, डॉ. पूर्णिमा सुंदरियाल, रिंकल गोयल, डॉ. सरोज शर्मा को सम्मानित किया गया। संयोजन डॉ. पूर्णिमा सुंदरियाल ने किया।

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