
Karnataka कर्नाटक: कर्नाटक में नए मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार के नेतृत्व में बनने वाले मंत्रिमंडल की अंतिम सूची मंगलवार को घोषित होने की संभावना है। सूत्रों के अनुसार, बुधवार को लोक भवन के ग्लास हाउस में शाम 4.05 बजे शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया जाएगा। इस समारोह में 10 से 12 विधायकों (MLA) को मंत्री पद की शपथ दिलाई जाएगी।
मंत्री पद के नामों की फ़ाइनल लिस्ट तैयार करने के लिए कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व ने हाई-लेवल बैठक आयोजित की है। इस बैठक में लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, AICC जनरल सेक्रेटरी केसी वेणुगोपाल और रणदीप सिंह सुरजेवाला शामिल होंगे। ये नेता केयरटेकर मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार डीके शिवकुमार के साथ बैठकर मंत्रियों की सूची को अंतिम रूप देंगे।
सूत्रों के अनुसार, सोमवार शाम को होने वाली यह बैठक आगे बढ़ा दी गई, क्योंकि राहुल गांधी जयपुर से देर से दिल्ली लौटे। बैठक के टलने से मंत्रिमंडल के चयन की प्रक्रिया में देरी हुई, लेकिन इससे संभावित मंत्रियों में उत्सुकता बढ़ गई है।
सूत्रों ने बताया कि केयरटेकर मुख्यमंत्री सिद्धारमैया की प्रस्तुत की गई सूची में 12 नाम शामिल थे, जिनमें से लगभग 10 नाम को अंतिम सूची में शामिल किया जा सकता है। वहीं, डीके शिवकुमार की सूची में 15 नाम थे, जिनमें से 12 को फ़ाइनल किया जा सकता है। शेष मंत्री पदों को 18 जून को होने वाले चार राज्यसभा और सात विधान परिषद सीटों के चुनाव के बाद भरे जाने की संभावना है।
कांग्रेस पार्टी की रणनीति यह सुनिश्चित करना है कि मंत्रिमंडल में सभी प्रमुख क्षेत्रों और सामाजिक समूहों का प्रतिनिधित्व हो। पार्टी का लक्ष्य संतुलित मंत्रिमंडल बनाना है, जिसमें अनुभवी नेताओं के साथ-साथ नए चेहरों को भी मौका मिले। पार्टी सूत्रों के अनुसार, यह मंत्रिमंडल कांग्रेस की भविष्य की राजनीतिक रणनीति और आगामी विधानसभा चुनावों में सशक्त स्थिति बनाने के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
विधानसभा में कांग्रेस की मजबूत स्थिति और विधायक दल के समर्थन के चलते, डीके शिवकुमार के नेतृत्व में नया मंत्रिमंडल राज्य की राजनीति में स्थिरता और नई ऊर्जा लाने की उम्मीद रखता है।
राज्य कांग्रेस नेतृत्व ने मीडिया को बताया कि मंत्रिमंडल की घोषणा के तुरंत बाद शपथ समारोह आयोजित किया जाएगा। शपथ लेने वाले विधायकों में विभिन्न जिलों और समाजों का संतुलित प्रतिनिधित्व देखने को मिलेगा। इसके साथ ही, राज्य सरकार की प्राथमिकताएं और नीतिगत दिशा स्पष्ट करने के लिए नए मंत्रियों को विशेष जिम्मेदारियां दी जाएंगी।
कुल मिलाकर, कर्नाटक में बुधवार को आयोजित शपथ ग्रहण समारोह न केवल नए मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार के कार्यभार संभालने का प्रतीक होगा, बल्कि राज्य की राजनीतिक स्थिरता और कांग्रेस के नेतृत्व को मजबूत करने का भी संदेश देगा।





