
रुद्रप्रयाग। उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले में एक दर्दनाक सड़क हादसा सामने आया है। तरसाली-फाटा रोड पर एक ट्रक अनियंत्रित होकर गहरी खाई में जा गिरा। हादसे में ट्रक सवार दो लोगों की मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, जिला पुलिस और फायर सर्विस की टीमें मौके पर पहुंचीं और देर रात तक बचाव अभियान चलाकर दोनों शवों को खाई से बाहर निकाला।
जानकारी के अनुसार, गुरुवार रात रुद्रप्रयाग जिले में फाटा और बडासू के बीच तरसाली क्षेत्र में यह हादसा हुआ। बताया जा रहा है कि पहाड़ी मार्ग पर चलते समय अचानक ट्रक का संतुलन बिगड़ गया, जिसके बाद वाहन सड़क से फिसलकर करीब 100 मीटर गहरी खाई में जा गिरा। हादसे के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई।
घटना की जानकारी मिलते ही सोनप्रयाग से एसडीआरएफ की रेस्क्यू टीम को आवश्यक बचाव उपकरणों के साथ घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। मौके पर पहुंची एसडीआरएफ टीम ने जिला पुलिस, फायर सर्विस और एनडीआरएफ के साथ मिलकर संयुक्त बचाव अभियान शुरू किया। पहाड़ी क्षेत्र और खाई की गहराई अधिक होने के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन काफी चुनौतीपूर्ण रहा।
एसडीआरएफ जवानों ने रस्सियों और विशेष बचाव तकनीक का इस्तेमाल करते हुए खाई में उतरकर दुर्घटनाग्रस्त ट्रक तक पहुंच बनाई। करीब 100 मीटर नीचे जाकर टीम ने ट्रक में फंसे लोगों को बाहर निकालने का प्रयास किया। रातभर चले अभियान के बाद दोनों शवों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
हादसे में मृतकों की पहचान संजय राणा (45) और मोहन (36) के रूप में हुई है। रेस्क्यू के बाद दोनों को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है। वहीं हादसे के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए जांच की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में हादसे की वजह ट्रक का संतुलन बिगड़ना सामने आ रही है। हालांकि, दुर्घटना के अन्य संभावित कारणों की भी जांच की जा रही है। पहाड़ी क्षेत्रों में सड़क हादसों को देखते हुए प्रशासन लगातार वाहन चालकों से सावधानी बरतने की अपील करता रहा है।
रुद्रप्रयाग जिले में इससे पहले भी कई हादसे सामने आ चुके हैं। हाल ही में केदारनाथ यात्रा मार्ग पर गौरीकुंड के पास एक 25 वर्षीय युवक गहरी खाई में गिर गया था। सूचना मिलने के बाद एसडीआरएफ, डीडीआरएफ और अन्य बचाव दलों ने देर रात अभियान चलाकर युवक को सुरक्षित बाहर निकाला था। घायल युवक की पहचान मोहित रावत के रूप में हुई थी, जिसे इलाज के लिए गौरीकुंड भेजा गया था।
उत्तराखंड में पहाड़ी रास्तों पर लगातार हो रहे हादसे प्रशासन के लिए चिंता का विषय बने हुए हैं। खराब मौसम, संकरे रास्ते और पहाड़ी इलाकों की भौगोलिक परिस्थितियां दुर्घटनाओं का बड़ा कारण बनती हैं। ऐसे में प्रशासन और बचाव दल लगातार सतर्क रहते हैं।
इसके अलावा हाल ही में उत्तरकाशी के सिल्कयारा टनल में भी हादसा हुआ था। 16 जुलाई को टनल के अंदर कंक्रीट लाइनिंग का हिस्सा गिरने से एक कर्मचारी की मौत हो गई थी। घटना के बाद राहत और बचाव कार्य चलाया गया था। मामले की जांच नेशनल हाईवेज एंड इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड (NHIDCL) द्वारा की जा रही है।
फिलहाल रुद्रप्रयाग ट्रक हादसे के बाद प्रशासन ने क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी है। पुलिस और बचाव एजेंसियां लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। इस हादसे ने एक बार फिर पहाड़ी इलाकों में सुरक्षित यातायात और सावधानी की जरूरत को उजागर किया है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि पहाड़ी मार्गों पर वाहन चलाते समय गति नियंत्रित रखें और पूरी सावधानी बरतें।





