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Delhi दिल्ली। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर जारी राजनीतिक विवाद के बीच पूर्व राज्यसभा सांसद हरनाथ सिंह यादव उनके समर्थन में सामने आए हैं। उन्होंने एक खुला पत्र जारी कर चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ विपक्ष के विरोध पर सवाल उठाए हैं। यादव ने पत्र में मतदाता सूची से कथित फर्जी मतदाताओं को हटाने की कार्रवाई का समर्थन करते हुए इसे चुनावी व्यवस्था की शुचिता से जुड़ा कदम बताया है।
हरनाथ सिंह यादव पूर्व राज्यसभा सांसद रहे हैं। सरकारी रिकॉर्ड में उनका राज्यसभा कार्यकाल 2 अप्रैल 2024 तक दर्ज है। अपने पत्र में यादव ने दावा किया कि मतदाता सूची से बांग्लादेशी, रोहिंग्या और अन्य कथित फर्जी मतदाताओं को हटाए जाने की कार्रवाई से विपक्ष नाराज है। यह दावा हरनाथ सिंह यादव का राजनीतिक आरोप है; मतदाता सूची में ऐसे लोगों की वास्तविक संख्या या किसी दल को इससे होने वाले कथित नुकसान की स्वतंत्र पुष्टि इस पत्र से नहीं होती।
उन्होंने ज्ञानेश कुमार से कहा कि विरोध और आरोपों से विचलित होने की जरूरत नहीं है। पत्र में उन्होंने उनके फैसलों का समर्थन करते हुए कहा कि चुनावी व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से उठाए गए कदमों पर उन्हें आगे बढ़ते रहना चाहिए। हरनाथ सिंह यादव ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए दावा किया कि मतदाता सूची की जांच और कथित फर्जी नाम हटाने की प्रक्रिया के कारण विरोध तेज हुआ है। उन्होंने यह भी कहा कि देशहित में काम करने वाले लोग मुख्य चुनाव आयुक्त के साथ खड़े हैं।
यादव इससे पहले भी विभिन्न राजनीतिक और सामाजिक मुद्दों पर सार्वजनिक रूप से अपनी राय रखते रहे हैं। सितंबर 2026 में उन्होंने आरक्षण और SC/ST कानून को लेकर भी सोशल मीडिया पर बयान दिया था। मुख्य चुनाव आयुक्त और चुनाव आयोग को लेकर हाल के दिनों में मतदाता सूची तथा SIR प्रक्रिया पर राजनीतिक विवाद बढ़ा है। विपक्षी दल चुनाव आयोग की प्रक्रिया और फैसलों पर सवाल उठा रहे हैं, जबकि आयोग अपनी कार्रवाई को चुनावी कानून और निर्धारित प्रक्रिया के अनुरूप बताता रहा है।
हरनाथ सिंह यादव का खुला पत्र इसी राजनीतिक बहस के बीच सामने आया है। इसमें उन्होंने ज्ञानेश कुमार को समर्थन देने के साथ विपक्ष के आरोपों को राजनीतिक प्रतिक्रिया करार दिया है। हालांकि पत्र में लगाए गए आरोप यादव के अपने दावे हैं और इन्हें चुनाव आयोग या किसी स्वतंत्र जांच की पुष्टि के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
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