Surajpur. सूरजपुर। छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले के चांदनी बिहारपुर क्षेत्र में सड़क हादसे के बाद भारी बवाल हो गया है। ग्राम पंचायत कुबेरपुर में गिट्टी से लदे ट्रैक्टर की टक्कर से स्कूटी सवार महिला चंद्रावती जायसवाल की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ को जोड़ने वाले मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। प्रदर्शन के दौरान ट्रैक्टर और पाठक क्रशर में आग लगाए जाने तथा पथराव की भी सूचना सामने आई है। वहीं, मौके पर पहुंचे बिहारपुर तहसीलदार, एसडीओपी और थाना प्रभारी को ग्रामीणों द्वारा बंधक बनाए जाने की जानकारी मिली है। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में तनाव का माहौल है और पुलिस प्रशासन स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास कर रहा है।
गिट्टी लोड ट्रैक्टर की टक्कर से महिला की मौत
जानकारी के अनुसार, ग्राम पंचायत कुबेरपुर निवासी चंद्रावती जायसवाल स्कूटी से अपने घर लौट रही थीं। इसी दौरान गिट्टी से लदे एक ट्रैक्टर ने उनकी स्कूटी को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी गंभीर थी कि महिला की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद ट्रैक्टर चालक वाहन लेकर मौके से फरार हो गया। घटना की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए। महिला की मौत से नाराज लोगों ने ट्रैक्टर चालक और संबंधित जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग शुरू कर दी।
क्रशर हटाने और मुआवजे की मांग पर चक्काजाम
हादसे के बाद ग्रामीणों का गुस्सा क्षेत्र में संचालित क्रशर और भारी वाहनों की आवाजाही को लेकर फूट पड़ा। ग्रामीणों ने बस्ती के भीतर संचालित क्रशर को तत्काल हटाने की मांग की। इसके साथ ही मृतका चंद्रावती जायसवाल के परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग भी उठाई गई। ग्रामीणों का आरोप है कि क्रशर से जुड़े भारी वाहनों की लगातार आवाजाही के कारण क्षेत्र में सड़क दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। इन्हीं मांगों को लेकर ग्रामीणों ने मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ को जोड़ने वाले मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, प्रदर्शन करीब चार घंटे से जारी था।
ट्रैक्टर और पाठक क्रशर में लगाई आग
चक्काजाम के दौरान स्थिति उस समय और तनावपूर्ण हो गई, जब ट्रैक्टर और पाठक क्रशर में आग लगाए जाने की खबर सामने आई। बताया जा रहा है कि हादसे से नाराज कुछ प्रदर्शनकारियों ने आगजनी की। इसके अलावा प्रदर्शन के दौरान पथराव किए जाने की भी सूचना है। आगजनी और पथराव की घटनाओं के बाद क्षेत्र में तनाव बढ़ गया। पुलिस प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रित करने और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए प्रयास तेज किए हैं। हालांकि, आगजनी से हुए नुकसान और इसमें शामिल लोगों के संबंध में विस्तृत आधिकारिक जानकारी अभी सामने नहीं आई है।
तहसीलदार, एसडीओपी और थाना प्रभारी को बंधक बनाने की सूचना
घटना की जानकारी मिलने के बाद प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। इनमें बिहारपुर तहसीलदार करमचंद जाटवर, एसडीओपी और थाना प्रभारी लक्ष्मी प्रसाद गुप्ता शामिल थे। मिली जानकारी के अनुसार, प्रदर्शन के दौरान ग्रामीणों ने इन अधिकारियों को बंधक बना लिया। अधिकारी ग्रामीणों को समझाने और उनकी मांगों पर बातचीत के जरिए समाधान निकालने का प्रयास कर रहे थे। अधिकारियों को बंधक बनाए जाने की सूचना के बाद मामला और गंभीर हो गया है। हालांकि, उनके वर्तमान हालात और रिहाई को लेकर विस्तृत आधिकारिक पुष्टि सामने नहीं आई है।
चार घंटे तक मुख्य मार्ग पर प्रदर्शन
ग्रामीणों के चक्काजाम के कारण मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ को जोड़ने वाले मुख्य मार्ग पर यातायात प्रभावित होने की स्थिति बनी। प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांग है कि बस्ती के भीतर संचालित क्रशर को हटाया जाए और मृत महिला के परिवार को उचित मुआवजा दिया जाए। ग्रामीण भारी वाहनों की आवाजाही से होने वाले खतरे को लेकर भी नाराजगी जता रहे हैं।
पुलिस प्रशासन हालात सामान्य करने में जुटा
कुबेरपुर में सड़क हादसे के बाद हुए विरोध प्रदर्शन ने गंभीर रूप ले लिया है। एक ओर ग्रामीण मृतका के परिवार के लिए न्याय और मुआवजे की मांग कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर आगजनी, पथराव और अधिकारियों को बंधक बनाने की सूचनाओं ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। फिलहाल पुलिस प्रशासन स्थिति को सामान्य करने और ग्रामीणों से बातचीत के जरिए समाधान निकालने का प्रयास कर रहा है। ट्रैक्टर चालक की तलाश तथा आगजनी और अन्य घटनाओं के संबंध में आगे की कार्रवाई की जानकारी सामने आना बाकी है।