राजकोट। गुजरात के राजकोट शहर में सोना-चांदी की रिफाइनरी से जुड़ी एक सनसनीखेज लूट और हत्या की वारदात सामने आई है। यहां हथियारबंद बदमाशों ने एक कर्मचारी की गोली मारकर हत्या कर दी और करीब 1.53 करोड़ रुपये मूल्य का सोना-चांदी लूटकर फरार हो गए। घटना बुधवार, 14 अक्टूबर की शाम की है। वारदात के बाद पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए राजस्थान पुलिस की मदद से इस मामले में शामिल सभी नौ आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लूटा गया पूरा माल भी बरामद कर लिया है। घटना के बाद राजकोट के सर्राफा कारोबारियों में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर वारदात की पूरी साजिश का पता लगाने में जुटी है।
रिफाइनरी से सोना-चांदी लेकर निकला था कर्मचारी
पुलिस के अनुसार, मृतक की पहचान 53 वर्षीय लालजीभाई सरधारा के रूप में हुई है। वह तानवी एक्सपोर्ट्स इंडिया लिमिटेड में कर्मचारी थे। कंपनी का सोना-चांदी रिफाइनरी कारोबार राजकोट के थोराला थाना क्षेत्र में स्थित है।
बुधवार शाम लालजीभाई रिफाइनरी से सोना-चांदी लेकर कंपनी की दूसरी इकाई की ओर जा रहे थे। उनके पास एक बैग था, जिसमें बड़ी मात्रा में कीमती धातुएं रखी हुई थीं।एफआईआर के मुताबिक, बैग में 946 ग्राम सोने की ईंटें थीं, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 1.48 करोड़ रुपये थी। इसके अलावा बैग में दो किलोग्राम रिफाइंड चांदी का पाउडर भी रखा था, जिसकी कीमत लगभग 4.3 लाख रुपये बताई गई है।इस तरह बैग में रखे सोना-चांदी की कुल कीमत लगभग 1.53 करोड़ रुपये थी।
कार से आए बदमाशों ने किया हमला
शिकायत के अनुसार, लालजीभाई रिफाइनरी से बाहर निकले ही थे कि मरून रंग की टाटा टिगोर कार में सवार बदमाश वहां पहुंच गए।कार में चार लोग सवार बताए गए हैं। इनमें से दो बदमाश वाहन से बाहर निकले और लालजीभाई के हाथ से सोना-चांदी से भरा बैग छीनने की कोशिश करने लगे।अचानक हुए इस हमले का लालजीभाई ने विरोध किया। उनके साथ मौजूद सुरक्षा गार्ड बावनजी बाबूजी पढियार ने भी बदमाशों को रोकने की कोशिश की।इसी दौरान स्थिति बिगड़ गई और एक बदमाश ने हथियार निकाल लिया।लूट का विरोध करने पर कर्मचारी को मारी गोलीएफआईआर के अनुसार, सफेद शर्ट पहने एक आरोपी ने लालजीभाई सरधारा पर गोली चला दी।
गोली लगने से लालजीभाई गंभीर रूप से घायल हो गए। इसके बाद बदमाश सोना-चांदी से भरा बैग लेकर कार में बैठकर फरार हो गएघायल कर्मचारी को तत्काल निजी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।दिनदहाड़े हुई इस वारदात से औद्योगिक क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। घटना ने कीमती धातुओं के परिवहन के दौरान कर्मचारियों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
राजस्थान पुलिस की मदद से 9 आरोपी गिरफ्तार
घटना की जानकारी मिलते ही राजकोट पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू कर दी।राजकोट पुलिस ने शहर से बाहर जाने वाले मार्गों पर निगरानी बढ़ाई और आसपास के जिलों की पुलिस को भी सतर्क किया।इसके बाद आरोपियों की तलाश में राजस्थान पुलिस का सहयोग लिया गया।पुलिस अधिकारियों के अनुसार, संयुक्त कार्रवाई में इस वारदात से जुड़े सभी नौ आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
राजकोट के पुलिस उपायुक्त जगदीश बांगरवा ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी मूल रूप से उत्तर प्रदेश के अलग-अलग इलाकों के रहने वाले हैं। आरोपियों को पकड़ने में राजस्थान पुलिस ने महत्वपूर्ण सहयोग किया।
लूटा गया पूरा सोना-चांदी बरामद
पुलिस के मुताबिक, इस मामले में गिरफ्तारी के साथ लूटी गई पूरी संपत्ति भी बरामद कर ली गई है।राजकोट जोन-1 की पुलिस उपायुक्त हेतल पटेल ने बताया कि सभी आरोपी पुलिस की हिरासत में हैं।उन्होंने कहा कि आरोपी गुजरात के बाहर के रहने वाले हैं और वारदात में लूटा गया पूरा माल बरामद कर लिया गया है।करीब 1.53 करोड़ रुपये की संपत्ति की बरामदगी को पुलिस की महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है।हालांकि, वारदात में इस्तेमाल हथियार और अन्य साक्ष्यों की बरामदगी के संबंध में विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है।
कंपनी की दो इकाइयों के बीच ले जाया जाता था सोना
कंपनी के साझेदार बिपिनभाई विरडिया ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि रिफाइनरी से तैयार सोना-चांदी कंपनी की आभूषण निर्माण इकाई तक भेजा जाता था।रिफाइनरी और कंपनी का मुख्य परिसर करीब 40 मीटर की दूरी पर स्थित हैं।कंपनी की ज्वेलरी निर्माण इकाई युग बिल्डिंग में बताई गई है।कीमती धातुओं के परिवहन के दौरान सुरक्षा कर्मचारी भी साथ रहते थे।
इसके बावजूद बदमाशों ने योजनाबद्ध तरीके से कर्मचारी को निशाना बनाया।अब पुलिस यह भी जांच कर सकती है कि आरोपियों को सोना-चांदी के परिवहन और कर्मचारी की गतिविधियों के बारे में पहले से जानकारी कैसे मिली।सीसीटीवी में कैद हुई वारदातलूट और गोलीबारी की घटना से जुड़ा सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है।
वीडियो में बदमाशों द्वारा बैग छीनने का प्रयास और वारदात के बाद भागने की गतिविधियां दिखाई देने की जानकारी मिली है।सीसीटीवी फुटेज जांच में महत्वपूर्ण साक्ष्य साबित हो सकता है।पुलिस को इससे आरोपियों की गतिविधियों, घटना के समय और इस्तेमाल किए गए वाहन के बारे में जानकारी जुटाने में मदद मिल सकती है।हालांकि, पूरे घटनाक्रम में प्रत्येक आरोपी की भूमिका जांच के आधार पर निर्धारित की जाएगी।
व्यापारियों में सुरक्षा को लेकर चिंता
सोना-चांदी के कारोबार से जुड़े कर्मचारी की हत्या और करोड़ों रुपये की लूट की घटना ने राजकोट के सर्राफा बाजार में चिंता बढ़ा दी है।राजकोट में आभूषण निर्माण और कीमती धातुओं से जुड़ा बड़ा कारोबार होता है।ऐसे में इस प्रकार की वारदात व्यापारियों और उनके कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए गंभीर चुनौती है।घटना के बाद स्थानीय सर्राफा कारोबारियों ने सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की आवश्यकता जताई।सर्राफा व्यापारियों से जुड़े संगठन ने घटना के विरोध में बाजार बंद रखने की भी घोषणा की थी।
हत्या और लूट की धाराओं में मामला दर्ज
इस वारदात में पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के साथ आर्म्स एक्ट और गुजरात पुलिस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है।पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर रही है। अब जांच में यह पता लगाना महत्वपूर्ण होगा कि लूट की योजना कब बनाई गई थी और इसमें किस आरोपी की क्या भूमिका थी।इसके अलावा बदमाशों ने रिफाइनरी कर्मचारी को ही निशाना क्यों बनाया, इसकी भी पड़ताल की जा रही है।वारदात में कुल नौ आरोपियों की संलिप्तता सामने आई है, जबकि घटनास्थल पर चार हमलावरों के पहुंचने की जानकारी एफआईआर में दर्ज है।
पुलिस ने कुछ ही घंटों में किया खुलासा
राजकोट में कर्मचारी की हत्या और करोड़ों रुपये की लूट के मामले में पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए सभी नौ आरोपियों को पकड़ लिया।राजस्थान पुलिस के सहयोग से हुई गिरफ्तारी और लूटी गई संपत्ति की बरामदगी इस मामले की महत्वपूर्ण उपलब्धि है।हालांकि, इस वारदात में लालजीभाई सरधारा की जान चली गई।अब पुलिस की जांच में लूट की पूरी साजिश, हथियार की व्यवस्था और आरोपियों की भूमिका से जुड़े अन्य तथ्य सामने आने की उम्मीद है।