कोच्चि: विपक्ष के नेता पिनाराई विजयन ने CMRL-एक्सलॉजिक (Exalogic) वित्तीय लेन-देन मामले में केरल हाई कोर्ट का रुख किया है। उनकी मांग है कि सिंगल बेंच के उस आदेश को रद्द किया जाए जिसमें कहा गया था कि प्रवर्तन निदेशालय (ED) द्वारा राज्य पुलिस प्रमुख को भेजे गए पत्र के आधार पर पिनाराई के खिलाफ मामला दर्ज किया जा सकता है।
डिविजन बेंच आज दोपहर इस याचिका पर विचार करेगी। पिनाराई अभी इस मामले में पक्षकार नहीं हैं। इसलिए, वह सीधे याचिका दायर नहीं कर सकते। मामले की कार्यवाही आगे बढ़ाने के लिए, पहले कोर्ट में 'लीव पिटिशन' (अनुमति याचिका) दाखिल करनी होगी। आज सबसे पहले इस बात पर बहस होगी कि क्या वह याचिका सुनवाई योग्य है या नहीं। पिनाराई ने विजिलेंस द्वारा दर्ज FIR के खिलाफ नहीं, बल्कि सिंगल बेंच के आदेश के खिलाफ कोर्ट का रुख किया है। विजिलेंस ने मासिक भुगतान और हवाला के आरोपों के संबंध में दो मामले दर्ज किए हैं। पहला मामला CMRL और एक्सलॉजिक के बीच वित्तीय लेन-देन से जुड़ा है, जिसमें पिनाराई पहले आरोपी हैं और उनकी बेटी वीना दूसरी आरोपी हैं।
दूसरा मामला मोहम्मद रियास के मंत्री रहते हुए विदेश में अवैध धन की तस्करी से जुड़ा है। इस मामले में रियास पहले आरोपी हैं और वीना दूसरी आरोपी हैं। ये मामले भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत दर्ज किए गए हैं। इन मामलों की जांच के लिए आज एक विशेष जांच टीम भी गठित की जाएगी।