लखनऊ: लखनऊ के कारोबारी शिवा शर्मा की संदिग्ध मौत के मामले में पुलिस की जांच के दौरान कई नए दावे सामने आए हैं। गिरफ्तार आरोपियों से अलग-अलग पूछताछ और फिर आमने-सामने बैठाकर सवाल करने के बाद पुलिस को घटना वाले दिन की कुछ और जानकारियां मिली हैं। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, श्रद्धा दुबे ने अपने साथियों के सामने शिवा को अपमानित किया था। इस दौरान उसके साथ अभद्र व्यवहार किया गया और वीडियो भी बनाए गए। मामले में नामजद आमिर अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है।
घटना वाले दिन शिवा के साथ किया गया अपमानजनक व्यवहार
पुलिस पूछताछ से जुड़े सूत्रों के अनुसार, घटना वाले दिन श्रद्धा ने शिवा के कपड़े उतरवाए थे। इसके बाद उसके शरीर पर लिपस्टिक लगाई गई और उसे नाचने के लिए मजबूर किया गया। बताया जा रहा है कि इस दौरान श्रद्धा की बहन रश्मि, करीबी आमिर और चालक दानिश भी मौजूद थे।
जांच में सामने आए दावों के मुताबिक, इन लोगों ने मिलकर शिवा को मानसिक रूप से परेशान किया और उसका मजाक उड़ाया। पुलिस का कहना है कि श्रद्धा ने शिवा के कई वीडियो भी बना रखे थे। हालांकि, इन घटनाओं से जुड़े सभी तथ्यों की पुष्टि जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर की जानी बाकी है।
शिवा को अपने प्रभाव में रखने की बात आई सामने
गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के दौरान श्रद्धा ने कथित तौर पर बताया कि शिवा उसके प्रभाव में था और वह उससे अपने काम करवाती थी। पुलिस सूत्रों के अनुसार, श्रद्धा ने यह भी स्वीकार किया कि वह शिवा से पैर दबवाती थी।
जांच एजेंसियां अब उन वीडियो और दूसरे डिजिटल साक्ष्यों की जानकारी जुटा रही हैं, जिनका जिक्र पूछताछ में हुआ है। पुलिस यह समझने की कोशिश कर रही है कि शिवा और श्रद्धा के बीच किस तरह के संबंध थे और घटना से पहले दोनों के बीच क्या परिस्थितियां बनी थीं।
अधिकारियों के साथ तस्वीरों का इस्तेमाल करने का आरोप
जांच में श्रद्धा के पास मौजूद कुछ तस्वीरों को लेकर भी जानकारी सामने आई है। सूत्रों का दावा है कि उसने शिवा को ऐसी तस्वीरें दिखाई थीं, जिनमें वह बड़े अधिकारियों के साथ कार्यक्रमों या पार्टियों में नजर आ रही थी।
बताया जा रहा है कि श्रद्धा के पास कुछ अधिकारियों और प्रभावशाली लोगों के साथ खिंचवाई गई तस्वीरें पेन ड्राइव में भी रखी थीं। पुलिस इस पहलू की जांच कर रही है कि इन तस्वीरों का इस्तेमाल किसी को डराने या दबाव बनाने के लिए किया जाता था या नहीं। एक एफआईआर दर्ज कराने में कथित तौर पर 'सर' नाम के व्यक्ति की भूमिका का भी जिक्र सामने आया है। इस व्यक्ति की पहचान और पूरे मामले में उसकी भूमिका की जांच की जा रही है।
किसान बाजार के कैफे से जुड़ रही जांच की कड़ियां
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, श्रद्धा अक्सर रात के समय किसान बाजार स्थित एक कैफे में जाती थी। वहां वह अपने परिचितों के साथ समय बिताती थी। बताया जा रहा है कि शिवा की उससे पहली मुलाकात भी इसी कैफे में हुई थी।
जांच में कैफे से जुड़े लोगों और वहां आने-जाने वालों की भूमिका भी देखी जा रही है। श्रद्धा की गिरफ्तारी के बाद से कैफे संचालक के सामने नहीं आने की बात कही जा रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस जगह पर शिवा और श्रद्धा के बीच संपर्क कैसे बढ़ा और वहां किन लोगों की आवाजाही थी।
जेल में बंद श्रद्धा ने वकील से मिलने का समय मांगा
फिलहाल श्रद्धा, उसकी बहन रश्मि और चालक दानिश समेत गिरफ्तार आरोपी जेल में हैं। अदालत में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेशी के दौरान श्रद्धा ने अपने वकील से मुलाकात के लिए सप्ताह में अधिक समय देने की मांग की।
दूसरी ओर, पुलिस आमिर की तलाश में जुटी है। वह इस मामले में नामजद आरोपी है, लेकिन अभी तक पकड़ा नहीं जा सका है। जांच एजेंसियां उसकी गिरफ्तारी के साथ-साथ मामले से जुड़े डिजिटल सबूतों और अन्य लोगों की भूमिका की भी पड़ताल कर रही हैं।
इस मामले की शुरुआत 9 अक्टूबर को हुई थी। उस दिन लखनऊ के हजरतगंज क्षेत्र स्थित अवध ग्रीन अपार्टमेंट की चौथी मंजिल से गिरने के बाद कारोबारी शिवा शर्मा की मौत हो गई थी। अगले दिन उनकी मां रंजना शर्मा की शिकायत पर श्रद्धा दुबे, रश्मि, चालक तनवीर अली उर्फ दानिश, आदिल और अन्य लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई।
कई दिनों तक फरार रहने के बाद 20 अक्टूबर को लखनऊ पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने नागपुर से श्रद्धा, रश्मि और दानिश को गिरफ्तार किया था। इसके बाद आदिल की गिरफ्तारी भी हुई। अब पुलिस की जांच का अहम हिस्सा आमिर को पकड़ना और घटना से जुड़े सभी पहलुओं की पुष्टि करना है।