Yemen यमन। यमन में एक बार फिर बड़े हमले की खबर सामने आई है। हूती विद्रोहियों ने सरकार के नियंत्रण वाले मोचा बंदरगाह को निशाना बनाते हुए कथित तौर पर छह बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं। हमले में कम से कम सात लोगों की मौत होने की सूचना है। मिसाइल हमले से बंदरगाह और आसपास के समुद्री क्षेत्र में भी भारी नुकसान की खबर है। कई जहाजों के डूबने और मछली पकड़ने वाली नौकाओं में आग लगने की बात सामने आई है।
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक हूती विद्रोहियों की ओर से मोचा बंदरगाह की तरफ एक के बाद एक छह बैलिस्टिक मिसाइलें दागी गईं। हमले के बाद बंदरगाह क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। धमाकों के कारण वहां मौजूद जहाजों और नौकाओं को नुकसान पहुंचा। कम से कम सात लोगों के मारे जाने की सूचना है, हालांकि हताहतों की संख्या को लेकर आगे और जानकारी सामने आ सकती है। हमले के कारण कई जहाजों के डूबने की बात कही गई है। वहीं मछली पकड़ने वाली कुछ नौकाओं में आग लग गई। बंदरगाह पर हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है। घटना के बाद प्रभावित क्षेत्र में राहत और बचाव से जुड़ी गतिविधियां शुरू की गईं।




मोचा यमन के महत्वपूर्ण बंदरगाहों में शामिल है और सरकार के नियंत्रण वाले क्षेत्र में स्थित है। ऐसे में इस बंदरगाह पर बैलिस्टिक मिसाइलों से किया गया हमला यमन में जारी संघर्ष के लिहाज से महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है। समुद्री क्षेत्र में जहाजों और नौकाओं को नुकसान पहुंचने के कारण स्थानीय गतिविधियों पर भी इसका असर पड़ने की आशंका है। यमन लंबे समय से संघर्ष और राजनीतिक अस्थिरता से जूझ रहा है। हूती आंदोलन का देश के बड़े हिस्से पर नियंत्रण है, जबकि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त सरकार और उससे जुड़े बल अन्य इलाकों में सक्रिय हैं। वर्षों से जारी संघर्ष के कारण यमन को गंभीर मानवीय और आर्थिक संकट का सामना करना पड़ा है।

हाल के समय में हूती बलों की मिसाइल और ड्रोन गतिविधियों के कारण लाल सागर और आसपास के समुद्री मार्गों की सुरक्षा भी अंतरराष्ट्रीय चिंता का विषय बनी हुई है। इन समुद्री रास्तों से वैश्विक व्यापार का महत्वपूर्ण हिस्सा गुजरता है, इसलिए किसी भी बड़े हमले का प्रभाव यमन की सीमाओं से बाहर भी महसूस किया जा सकता है। मोचा बंदरगाह पर हुए ताजा हमले के बाद क्षेत्र में सुरक्षा को लेकर चिंता और बढ़ गई है। फिलहाल हमले से हुए नुकसान, मृतकों की पहचान और प्रभावित जहाजों के संबंध में विस्तृत आधिकारिक जानकारी का इंतजार है।
Tags: