लिंकन: सोमवार को लिंकन में न्यूजीलैंड 'ए' के ​​खिलाफ पहले अनौपचारिक टेस्ट में, देवदत्त पडिक्कल दोहरे शतक से सिर्फ एक रन दूर रह गए। उनकी 199 रनों की शानदार पारी की बदौलत, इंडिया 'ए' ने अपनी पहली पारी के घाटे को पीछे छोड़ते हुए मैच पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली। तीसरे दिन का खेल खत्म होने तक इंडिया 'ए' का स्कोर 8 विकेट पर 488 रन था, जिससे उनकी कुल बढ़त 284 रनों तक पहुंच गई। इससे पहले, मेजबान टीम ने अपनी पहली पारी में
317 रन बनाए थे
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तीसरे दिन की शुरुआत में, देवदत्त पडिक्कल और साई सुदर्शन (जो पिछले दिन 39 रन पर नाबाद थे) ने पारी को आगे बढ़ाया। पडिक्कल ने आक्रामक रुख अपनाते हुए न्यूजीलैंड 'ए' के ​​गेंदबाजों पर लगातार दबाव बनाए रखा। सुदर्शन ने भी 91 रनों की ठोस पारी खेली, जिससे टीम को बढ़त हासिल करने में मदद मिली, हालांकि बाद में वे शॉर्ट-बॉल की रणनीति का शिकार हो गए।
इस बीच, पडिक्कल ने तेजी से रन बनाना जारी रखा और जेडन लेनोक्स की गेंद पर छक्का जड़कर अपना 12वां फर्स्ट-क्लास शतक पूरा किया। इन दोनों की बड़ी साझेदारी ने मैच का रुख इंडिया 'ए' की तरफ मोड़ दिया, हालांकि सुदर्शन और कप्तान ध्रुव जुरेल के आउट होने से मेजबान टीम को थोड़ी उम्मीद जरूर जगी।
यश राठौड़ ने सुनिश्चित किया कि टीम का आक्रामक रवैया बना रहे। क्रीज पर पडिक्कल का साथ देने आए राठौड़ ने लेनोक्स के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाया और बाद में क्रिस्टियन क्लार्क की गेंदों पर दो चौके और एक छक्का जड़ा। उन्होंने 54 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया और पडिक्कल के शानदार शॉट्स का बखूबी साथ दिया, जिससे इंडिया 'ए' ने एक बड़ी बढ़त बना ली।
इसके बाद, 199 रन के स्कोर पर पडिक्कल को लेग-साइड की तरफ 'कॉट बिहाइंड' (विकेट के पीछे कैच) करार दिया गया, जो काफी विवादास्पद रहा। बल्लेबाज ने अंपायर के फैसले पर सवाल उठाते हुए इशारा किया कि उनके बल्ले और गेंद के बीच काफी फासला था। इस तरह, एक शानदार पारी का अंत हुआ और वे दोहरे शतक के ऐतिहासिक मुकाम तक पहुंचने से बस थोड़ा सा चूक गए।
चाय के ब्रेक के तुरंत बाद राठौड़ भी 66 रन बनाकर आउट हो गए, लेकिन इंडिया 'ए' के ​​निचले क्रम के बल्लेबाजों ने मेजबान टीम को परेशान करना जारी रखा। अंशुल कंबोज ने 22 रन बनाने से पहले चार चौके जड़े, जबकि वाशिंगटन सुंदर और आकिब नबी ने 69 रन जोड़कर टीम की बढ़त को और आगे बढ़ाया। नबी 38 रन बनाकर आउट हो गए, जबकि सुंदर 51 रन बनाकर नाबाद रहे। खराब रोशनी के कारण दिन का खेल समय से पहले ही समाप्त करना पड़ा।
न्यूजीलैंड 'ए' की टीम, जिसके तेज गेंदबाज साइमन कीन (जिन्होंने पहली पारी में 5 विकेट लिए थे) चोट के कारण बाहर थे, भारतीय बल्लेबाजों को रन बनाने से रोकने में संघर्ष करती दिखी। भारतीय बल्लेबाजों ने परिस्थितियों का पूरा फायदा उठाया। न्यूजीलैंड 'ए' के ​​गेंदबाजों में जैक गिब्सन सबसे सफल रहे, जिन्होंने 58 रन देकर 2 विकेट लिए।
भारत 'ए' के ​​पास 284 रनों की बढ़त है और अभी भी 2 विकेट बचे हैं। ऐसे में, अंतिम दिन टीम जीत के लिए पूरी कोशिश कर सकती है। वे आज रात ही पारी घोषित (डिक्लेयर) करते हैं या अपनी बढ़त को और बढ़ाने के लिए आगे बल्लेबाजी करते हैं, यह इस बात पर निर्भर करेगा कि उनके पास न्यूजीलैंड 'ए' को ऑलआउट करने के लिए कितना समय बचता है।
संक्षिप्त स्कोर: भारत 'ए' 113 और 488/8 (देवदत्त पडिक्कल 199, साई सुदर्शन 91, यश राठौड़ 66, वाशिंगटन सुंदर 51*; जैक गिब्सन 2-58) ने न्यूजीलैंड 'ए' 317 (रीस ​​मारियू 76, डीन फॉक्सक्रॉफ्ट 51; अंशुल कंबोज 3/52, आकिब नबी 3/69) के खिलाफ 284 रनों की बढ़त बना ली है।
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