चंबा: हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले में सोमवार देर रात एक दर्दनाक सड़क हादसे में एक वर्षीय मासूम सहित पांच लोगों की मौत हो गई। यह हादसा पठानकोट-भरमौर राष्ट्रीय राजमार्ग पर लाहाड़ गांव के समीप हुआ, जहां एक कार अनियंत्रित होकर गहरी खाई में जा गिरी। हादसे में कार सवार सभी पांच लोगों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
जानकारी के अनुसार, हादसे का शिकार हुआ परिवार चंडीगढ़ से बच्चे का उपचार करवाकर अपने घर लौट रहा था। रास्ते में अचानक कार चालक का नियंत्रण वाहन से हट गया और कार सड़क से नीचे खाई में जा गिरी। दुर्घटना इतनी भीषण थी कि वाहन के परखच्चे उड़ गए और उसमें सवार लोगों को बचने का मौका तक नहीं मिला।
हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय लोगों ने तुरंत इसकी जानकारी पुलिस और प्रशासन को दी। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके के लिए रवाना हुईं। राहत और बचाव कार्य शुरू किया गया, लेकिन तब तक कार में सवार सभी लोगों की मौत हो चुकी थी।
पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर शवों को खाई से बाहर निकाला और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया शुरू की। हादसे के कारणों की जांच की जा रही है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, कार के अनियंत्रित होने की वजह से यह दुर्घटना हुई, लेकिन पुलिस अन्य संभावित कारणों की भी जांच कर रही है।
बताया जा रहा है कि परिवार अपने एक वर्षीय बच्चे का इलाज करवाने के लिए चंडीगढ़ गया था। बच्चे के उपचार के बाद परिवार वापस अपने घर लौट रहा था, लेकिन रास्ते में हुए इस हादसे ने पूरे परिवार को उजाड़ दिया। इस दर्दनाक घटना के बाद क्षेत्र में शोक का माहौल है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, पठानकोट-भरमौर राष्ट्रीय राजमार्ग का यह क्षेत्र पहाड़ी और जोखिम भरा है। यहां कई स्थानों पर तीखे मोड़ और गहरी खाइयां हैं, जिसके कारण वाहन चालकों को विशेष सावधानी बरतनी पड़ती है। रात के समय इस मार्ग पर सफर करना और भी चुनौतीपूर्ण हो जाता है।
प्रशासन की ओर से हादसे की जानकारी जुटाई जा रही है और मृतकों के परिजनों को सूचना दे दी गई है। पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पोस्टमार्टम और अन्य औपचारिकताओं के बाद शव परिजनों को सौंपे जाएंगे।
चंबा जिले में सड़क हादसों को लेकर प्रशासन लगातार लोगों से सावधानी बरतने की अपील करता रहा है। पहाड़ी क्षेत्रों में तेज रफ्तार, खराब मौसम, सड़क की स्थिति और वाहन पर नियंत्रण खोना दुर्घटनाओं की प्रमुख वजहों में शामिल हैं।
इस हादसे ने एक बार फिर पहाड़ी इलाकों में सुरक्षित यातायात व्यवस्था और सड़क सुरक्षा के मुद्दे को सामने ला दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा उपायों को और मजबूत करने की जरूरत है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि हादसे की पूरी जांच की जाएगी और दुर्घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाया जाएगा। पुलिस घटनास्थल से साक्ष्य जुटा रही है और वाहन की तकनीकी जांच भी कराई जा सकती है।
एक मासूम बच्चे समेत पांच लोगों की मौत की खबर से इलाके में मातम पसरा हुआ है। परिवार के अचानक खत्म हो जाने की घटना ने स्थानीय लोगों को झकझोर दिया है। लोग पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त कर रहे हैं और प्रशासन से हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने की मांग कर रहे हैं।
पठानकोट-भरमौर राष्ट्रीय राजमार्ग पर हुई यह दुर्घटना क्षेत्र में सड़क सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता पैदा करती है। प्रशासन के सामने अब चुनौती है कि ऐसे हादसों को रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं और लोगों को सुरक्षित यात्रा के लिए जागरूक किया जाए।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है और हादसे से जुड़े सभी पहलुओं को खंगाला जा रहा है। मृतकों की पहचान और दुर्घटना की विस्तृत जानकारी जुटाने का प्रयास जारी है।