जम्मू-कश्मीर : राजौरी जिले में लगातार हो रही भारी बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। नौशहरा क्षेत्र में उफान पर आई मानवर नदी में फंसे एक शव को निकालने के लिए दो दिनों तक चले बड़े बचाव अभियान के बाद भारतीय सेना के हेलीकॉप्टर की मदद ली गई। सोमवार दोपहर सेना ने विशेष हवाई अभियान चलाकर शव को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
जानकारी के अनुसार, पिछले कई दिनों से क्षेत्र में लगातार मूसलाधार बारिश हो रही है, जिसके कारण मानवर नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया। नदी का बहाव इतना तेज हो गया कि कई स्थानों पर हालात बेहद खतरनाक बन गए। इसी दौरान नौशहरा के दब्बड क्षेत्र में नदी के बीचोंबीच एक व्यक्ति का शव दिखाई देने की सूचना प्रशासन को मिली। सूचना मिलते ही जम्मू-कश्मीर पुलिस, राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ), राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) और सिविल प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंच गईं।
रविवार शाम से ही शव को बाहर निकालने के लिए संयुक्त अभियान शुरू किया गया। बचाव दलों ने पूरी कोशिश की, लेकिन नदी का तेज बहाव और लगातार बढ़ता जलस्तर बड़ी चुनौती बन गया। खराब मौसम और जोखिम भरी परिस्थितियों के कारण जवान शव तक नहीं पहुंच सके। इसके बाद सोमवार सुबह एक बार फिर विशेष उपकरणों के साथ एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमों ने अभियान शुरू किया।
हालांकि, लगातार बारिश के कारण नदी का पानी और ज्यादा उफान पर था। तेज धारा के बीच बचावकर्मियों के लिए आगे बढ़ना मुश्किल हो रहा था। कई घंटों की कोशिश के बाद भी जब जमीन के रास्ते शव को निकालना संभव नहीं हो सका, तो प्रशासन ने भारतीय सेना से सहायता मांगी।
सेना ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तुरंत कार्रवाई की और हेलीकॉप्टर उपलब्ध कराया। इसके बाद बेहद चुनौतीपूर्ण हालात में विशेष हवाई बचाव अभियान चलाया गया। सेना के जवानों ने जोखिम उठाते हुए नदी के बीच से शव को सुरक्षित बाहर निकाला। बाद में शव को उप जिला अस्पताल नौशहरा पहुंचाया गया, जहां उसकी पहचान की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पहचान पूरी होने के बाद शव को परिजनों को सौंप दिया जाएगा।
इस पूरे बचाव अभियान में भारतीय सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और जिला प्रशासन ने मिलकर काम किया। अधिकारियों ने मौके पर रहकर अभियान की निगरानी की। अतिरिक्त जिला विकास आयुक्त (एडीसी) नौशहरा डॉ. प्रीतम लाल थापा, डीआईजी राजौरी-पुंछ रेंज संदीप वजीर, एसडीपीओ साहिल महाजन, थाना प्रभारी अर्जुन मांगोत्रा और तहसीलदार रामपाल शर्मा समेत कई अधिकारी मौके पर मौजूद रहे।
स्थानीय लोगों ने भी बचाव एजेंसियों के प्रयासों की सराहना की। लोगों का कहना है कि खराब मौसम और जान जोखिम में डालने वाली परिस्थितियों के बावजूद सेना, पुलिस और आपदा राहत टीमों ने जिस तरह अभियान चलाया, वह सराहनीय है। संयुक्त प्रयासों से लोगों का प्रशासन और सुरक्षा बलों पर भरोसा और मजबूत हुआ है।
प्रशासन ने भारी बारिश को देखते हुए लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। अधिकारियों ने लोगों को नदी, नालों, पुलों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की सलाह दी है। साथ ही कहा गया है कि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत पुलिस या राहत एजेंसियों को सूचना दी जाए।
मौसम सामान्य होने तक संवेदनशील इलाकों में निगरानी जारी रहेगी। प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त राहत दलों को भी तैनात किया जाएगा, ताकि किसी भी आपदा की स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके।