Saharanpur सहारनपुर : थाना सदर बाजार पुलिस ने धोखाधड़ी के एक मामले में लंबे समय से वांछित चल रहे आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी पर फर्जी प्लॉट दिखाकर लाखों रुपये की ठगी करने, फर्जी दस्तावेज तैयार करने और धमकी देने के आरोप हैं। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
पुलिस के मुताबिक, 21 अक्टूबर 2025 को ग्राम पिंजौरा निवासी रतन सिंह पुत्र स्वर्गीय रिढवा ने थाना सदर बाजार में तहरीर देकर शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में उन्होंने आरोप लगाया था कि कुछ लोगों ने उन्हें किसी अन्य व्यक्ति का प्लॉट अपना बताकर बेच दिया और उनसे लाखों रुपये की रकम ले ली।
पीड़ित ने अपनी शिकायत में बताया था कि आरोपियों ने उसे प्लॉट दिखाकर 4 लाख 84 हजार रुपये लिए और बाद में फर्जी बैनामा करा दिया। जब जांच में पता चला कि जिस प्लॉट का बैनामा कराया गया है, उस पर किसी अन्य व्यक्ति का कब्जा है और वह जमीन आरोपी की नहीं है, तो उन्होंने अपनी रकम वापस मांगी। आरोप है कि आरोपियों ने पैसे लौटाने से इनकार कर दिया।
शिकायत के अनुसार, आरोपियों ने पीड़ित को गुमराह करने के लिए फर्जी रसीद और दस्तावेज तैयार किए तथा उन पर हस्ताक्षर भी कराए। इसके अलावा पीड़ित ने गाली-गलौज करने, जान से मारने की धमकी देने और जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करने का भी आरोप लगाया था।
मामले में थाना सदर बाजार पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा संख्या 578/2025 दर्ज किया था। इसमें भारतीय दंड संहिता की धाराओं 420, 467, 468, 471, 504, 506 और 406 के साथ-साथ एससी/एसटी एक्ट की धारा 3(1)द,ध के तहत कार्रवाई की गई थी।
पुलिस अधीक्षक नगर और क्षेत्राधिकारी नगर द्वितीय के निर्देशन में मामले की जांच की जा रही थी। प्रभारी निरीक्षक सदर बाजार चंद्रसैन सैनी के नेतृत्व में पुलिस टीम आरोपी की तलाश में जुटी थी।
इसी क्रम में थाना सदर बाजार पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी राजेंद्र कुमार पुत्र तेजपाल सिंह निवासी ग्राम हथछोया थाना झिंझाना, जनपद शामली, हाल निवासी एवन कॉलोनी, निकट सोफिया स्कूल, आर्य समाज मंदिर के पास, थाना सदर बाजार, सहारनपुर को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने बताया कि आरोपी की गिरफ्तारी एवन कॉलोनी क्षेत्र से की गई। गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी की जा रही है और उसे समय से न्यायालय के समक्ष पेश किया जाएगा।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि धोखाधड़ी और फर्जी दस्तावेज तैयार कर लोगों को नुकसान पहुंचाने वाले अपराधियों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। ऐसे मामलों में आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।