Khairagarh-Chhuikhadan-Gandai. खैरागढ़-छुईखदान-गंडई। जिले में कानून व्यवस्था बनाए रखने और आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए केसीजी पुलिस और जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस की रिपोर्ट के आधार पर गुंडा बदमाश शिखा शर्मा के खिलाफ जिला बदर की कार्रवाई की गई है। जिला दंडाधिकारी खैरागढ़ द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य सुरक्षा अधिनियम 1990 की धारा 3 और 5 (क)(ख) के तहत आदेश जारी किया गया है। जारी आदेश के अनुसार, शिखा शर्मा पति दिवाकर शर्मा, उम्र 37 वर्ष, निवासी वार्ड नंबर 11 मेन चौक गंडई, थाना गंडई, जिला खैरागढ़-छुईखदान-गंडई को आगामी एक वर्ष के लिए जिले की चारों राजस्व सीमाओं से बाहर रहने के निर्देश दिए गए हैं।
पुलिस के अनुसार, शिखा शर्मा के खिलाफ थाना गंडई में कुल 12 आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं। इसके अलावा उसके विरुद्ध 7 प्रतिबंधात्मक प्रकरणों में भी कार्रवाई की जा चुकी है। इसके बावजूद उसकी आपराधिक गतिविधियों में सुधार नहीं होने और लगातार कानून व्यवस्था के लिए चुनौती बने रहने को देखते हुए जिला बदर की कार्रवाई की गई। पुलिस ने बताया कि क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए लगातार अपराधियों और असामाजिक तत्वों पर निगरानी रखी जा रही है। इसी अभियान के तहत आदतन अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस रिपोर्ट में उल्लेख किया गया है कि शिखा शर्मा के खिलाफ कई मामलों में कार्रवाई के बाद भी उसके व्यवहार में अपेक्षित सुधार नहीं आया। लगातार आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहने के कारण आम लोगों में भय का वातावरण बनने की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने यह कदम उठाया है। जिला प्रशासन ने राज्य सुरक्षा अधिनियम के प्रावधानों के तहत आदेश जारी करते हुए कहा है कि जिले में शांति और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता है। ऐसे व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी, जो कानून व्यवस्था को प्रभावित करने का प्रयास करते हैं।
केसीजी पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जिले में अपराध और अपराधियों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। पुलिस ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि या आपराधिक घटना की सूचना तत्काल पुलिस को दें, ताकि समय रहते प्रभावी कार्रवाई की जा सके। जिला बदर की कार्रवाई के बाद पुलिस प्रशासन ने संबंधित व्यक्ति को निर्धारित अवधि तक जिले की सीमा से बाहर रहने के निर्देशों का पालन करने कहा है। आदेश का उल्लंघन करने पर नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।