आगरा: बाह क्षेत्र में पुलिस अधिकारी बनकर व्यापारी को जेल और एनकाउंटर का डर दिखाने तथा लाखों रुपये ऐंठने का मामला सामने आया है। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने अनंत बरुआ उर्फ रिशू बरुआ को गिरफ्तार किया है। उसके पास से 14.71 लाख रुपये बरामद किए गए हैं। मामले में उसके पिता और एक अन्य आरोपी की तलाश जारी है। 
उधार की रकम वापस मांगने पर रची साजिश
गोपालजी गली निवासी उमाशंकर गुप्ता शिक्षा विभाग से सेवानिवृत्त हैं और परचून की दुकान चलाते हैं। उनके मुताबिक, उन्होंने रमेश बरुआ को 15 लाख रुपये उधार दिए थे। रकम वापस मांगने पर आरोपियों ने उन्हें धमकाने की साजिश रची। आरोप है कि अनंत ने फोन करके कहा कि वह रुपये लौटाने आ रहा था, लेकिन पुलिस ने पकड़ लिया। इसके बाद अपरिचित नंबर से व्हाट्सएप कॉल आई। कॉल करने वाले ने पुलिस अधिकारी बनकर रकम का स्रोत पूछा और जेल भेजने की धमकी दी। 
अलग-अलग अधिकारियों के नाम पर मांगे रुपये
शिकायत के मुताबिक, कभी इंस्पेक्टर तो कभी वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के नाम पर मामला निपटाने के लिए रकम मांगी गई। पीड़ित ने आरोप लगाया कि उससे अलग-अलग तारीखों पर रुपये लिए गए। शिकायत में 71.29 लाख रुपये की ठगी की बात कही गई है। 
डर के कारण सोना गिरवी रखा, उधार भी लिया
व्यापारी का कहना है कि आरोपियों के डर से उन्होंने जमा पूंजी देने के बाद सोना गिरवी रखा और परिचितों से उधार लिया। दोबारा 20 लाख रुपये की मांग होने पर मामला बेटे तक पहुंचा और पुलिस से शिकायत की गई। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर अनंत को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों की भूमिका और रकम के लेनदेन की तहकीकात जारी है।
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